SMAT : 18 वर्षीय आयुष म्हात्रे ने 49 गेंदों में जड़ा शतक – रोहित शर्मा का रिकॉर्ड तोड़ा

Atul Kumar
Published On:
SMAT

SMAT – लखनऊ की ठंडी शाम में अचानक हुई बैट की “ठक-ठक” ने पूरे एकाना स्टेडियम का माहौल बदल दिया। भीड़ बहुत बड़ी नहीं थी, पर जितने लोग थे, वे इस बात के गवाह बन गए कि मुंबई का 18 साल का एक बल्लेबाज़ भारतीय घरेलू क्रिकेट का नया चेहरा बनने जा रहा है।
नाम—आयुष म्हात्रे।
उम्र—18 साल 135 दिन।
कारनामा—49 गेंदों में तूफानी शतक।

और इस एक विस्फोटक पारी के साथ उन्होंने वह रिकॉर्ड तोड़ दिया, जो कभी रोहित शर्मा जैसा दिग्गज भी इतनी कम उम्र में हासिल नहीं कर पाया था।

आयुष म्हात्रे ने बनाया इतिहास—सबसे कम उम्र में तीनों फॉर्मेट में सेंचुरी

मुंबई के यह युवा ओपनर जब शुक्रवार को विदर्भ के खिलाफ सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में उतरे, तो शायद उन्हें भी अंदाज़ा नहीं था कि शाम तक पूरा भारतीय क्रिकेट जगत उनका नाम दोहरा रहा होगा।

50 की स्ट्राइक रेट से नहीं…
150 की भी नहीं…
म्हात्रे ने 49 गेंदों में 110 नाबाद रनों की पारी खेलकर ना सिर्फ मैच को एकतरफा बना दिया, बल्कि भारतीय घरेलू क्रिकेट में सबसे युवा “ट्रिपल-फॉर्मेट सेंचुरियन” बनने की उपलब्धि हासिल कर ली।

पहले यह रिकॉर्ड रोहित शर्मा के नाम था—19 साल 339 दिन
म्हात्रे: 18 साल 135 दिन

एक पूरी साल की बढ़त।
और इतनी कम उम्र में ऐसा खेल… यह भारतीय क्रिकेट की अगली परत का संकेत है।

अब तक के सबसे युवा “तीन फॉर्मेट सेंचुरियन”

उम्रखिलाड़ी
18y 135dआयुष म्हात्रे
19y 339dरोहित शर्मा
20y 0dउन्मुक्त चंद
20y 62dक्विंटन डी कॉक
20y 97dअहमद शहजाद

इस सूची को देखकर ही पता चलता है कि म्हात्रे अभी किस क्लास में खड़े हैं।

मैच का किस्सा—मुंबई ने 193 का टारगेट ऐसे चेज किया जैसे नेट प्रैक्टिस हो

विदर्भ ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 192/9 बनाए—एक बड़ा स्कोर, विकेट थोड़ा सूखा, गेंद स्पिन हो रही थी।
लेकिन मुंबई ने शुरुआत से जो इरादा दिखाया, वह स्पष्ट था—
सामने स्कोरबोर्ड नहीं, सिर्फ गेम प्लान रखा जाएगा।

म्हात्रे ने शुरू में ही दो कवर-ड्राइव ऐसे जड़े कि गेंदबाजों के चेहरे पर बेचैनी दिखने लगी।
और फिर जो हुआ, वह किसी तूफान से कम नहीं था—

  • 8 चौके
  • 7 छक्के
  • 49 गेंदों की पारी
  • स्ट्राइक रेट—224

दूसरे छोर से शिवम दुबे ने 19 गेंदों में 39 रन ठोक दिए—तीन छक्के, तीन चौके।
विदर्भ के बॉलर्स उस 10 मिनट के पैच में पूरी तरह “फ्लैट” पड़ गए।

मुंबई ने लक्ष्य 13 गेंद रहते हासिल कर लिया।
यानी मैच सिर्फ जीता नहीं—कंट्रोल में जीता।

विदर्भ की पारी—तायडे और मोखाड़े ने रखी थी नींव

इतने बड़े स्कोर का क्रेडिट विदर्भ के दो बल्लेबाजों को जाता है—
अथर्व तायडे और अमन मोखाड़े, दोनों ने अर्धशतक लगाए।
लेकिन उनकी मेहनत को जिस तरह म्हात्रे ने “ओवरशैडो” कर दिया, वही क्रिकेट की खूबसूरती है—हर दिन नया हीरो।

इंडिया U19 और CSK—दोनों के लिए यह परफेक्ट टाइमिंग

एक और दिलचस्प बात—उसी दिन BCCI ने ACC U19 एशिया कप के लिए टीम की घोषणा की, और उसमें कहा गया—

आयुष म्हात्रे—टीम इंडिया U19 के कप्तान।

यानी घरेलू क्रिकेट में धमाका और उसी दिन राष्ट्रीय टीम की कमान—यह संयोग नहीं लगता, यह सिस्टम की नजर में आए हुए खिलाड़ी की कहानी है।
आप चाहें तो BCCI की U19 टीम लिस्ट पर देख सकते हैं।

वहीं आईपीएल फ्रंट पर भी खुशख़बरी—CSK ने उन्हें अगले सीज़न के लिए रिटेन कर लिया है।
चेन्नई ऐसी टीम है जो आमतौर पर अनुभव पर भरोसा करती है, लेकिन जब वह किसी 18 साल के खिलाड़ी को रिटेन करे, तो यह बताता है कि नेट्स में वह कुछ तो अलग दिखा रहा है।

यह पारी क्यों इतनी बड़ी है?

क्योंकि इसमें सिर्फ रन नहीं थे—
इसमें कंट्रोल था, समझदारी थी, गैप चुनने की कला थी, फील्ड पढ़ने की क्षमता थी… और उससे भी ज्यादा, कन्वर्ज़न की भूख थी।

भारत के कई युवा खिलाड़ियों में टेलेंट तो दिख जाता है, but converting 30 into 100 in a pressure game—यह अलग चीज है।
म्हात्रे ने वही किया, जो बड़े खिलाड़ियों की पहचान होता है।

युवा खिलाड़ियों के लिए उदाहरण

18 की उम्र में तीन फॉर्मेट में सेंचुरी—यह दिखाता है कि वह सिर्फ T20 हिटिंग में नहीं, बल्कि

  • कंसिस्टेंसी
  • तकनीक
  • टेम्परामेंट
  • और मैच स्थिति पढ़ने
    सभी में आगे है।

कोचों की मानें तो U19 कैंप में भी वह नेट्स पर सबसे लंबे समय तक रहता है—और यह बात इंडिया U19 कप्तानी मिलने के साथ फिट बैठती है।

अगला कदम—इंडिया A और उससे आगे?

यह तो तय है कि अगर यह फॉर्म 2025 तक कायम रहा, तो इंडिया A कॉल बहुत दूर नहीं।
और CSK में धोनी की मौजूदगी… बस इतना कहने से क्रिकेट फैंस बाकी कहानी खुद समझ सकते हैं।

टॉस के बाद फाइनल टीम चाहिए तो, अभी जॉइन करे Cricketyatri का Telegram चैनल- Join Now




Follow Us On