T20 WC – नीदरलैंड ने टी20 वर्ल्ड कप 2026 को हल्के में नहीं लिया है। भारत और श्रीलंका में होने वाले इस मेगा इवेंट के लिए डच टीम ने साफ संकेत दे दिया है कि वे अनुभव के भरोसे बड़ा खेल खेलने आ रहे हैं।
सोमवार को घोषित की गई नीदरलैंड की स्क्वॉड देखकर एक बात तुरंत समझ आती है—यह टीम भविष्य बनाने नहीं, वर्तमान में मुकाबला करने उतरेगी।
कप्तान स्कॉट एडवर्ड्स की अगुवाई में चुनी गई यह टीम पुराने भरोसेमंद चेहरों से भरी हुई है। कई ऐसे खिलाड़ी लौटे हैं, जो हाल के महीनों में नजर नहीं आए थे, लेकिन बड़े टूर्नामेंट का अनुभव अपने साथ लेकर आए हैं।
अनुभव पर भरोसा, युवाओं पर कैंची
नीदरलैंड ने इस बार युवाओं की जगह अनुभव को तरजीह दी है।
रोएलोफ वैन डेर मर्वे, बास डी लीडे, माइकल लेविट और जैक लायन-कैशेट की वापसी इस बात का सबसे बड़ा सबूत है। ये वही खिलाड़ी हैं, जो बांग्लादेश दौरे पर टीम का हिस्सा नहीं थे, लेकिन उसी दौरे में नीदरलैंड ने टी20 वर्ल्ड कप 2026 के लिए क्वालीफाई किया था।
अब जब असली मंच सामने है, तो चयनकर्ताओं ने रिस्क लेने के बजाय भरोसेमंद नामों को वापस बुला लिया है।
कॉलिन एकरमैन की वापसी, मिडिल ऑर्डर को मजबूती
इस स्क्वॉड का एक अहम नाम है कॉलिन एकरमैन। अनुभवी ऑलराउंडर आखिरी बार नवंबर 2024 में टी20 अंतरराष्ट्रीय खेलते दिखे थे। उनकी वापसी से नीदरलैंड के मिडिल ऑर्डर और गेंदबाज़ी—दोनों को गहराई मिलती है।
एकरमैन जैसे खिलाड़ी बड़े टूर्नामेंट में इसलिए अहम होते हैं क्योंकि वे:
- दबाव में घबराते नहीं
- बल्लेबाज़ी और गेंदबाज़ी दोनों में विकल्प देते हैं
- और मुश्किल ओवरों में कप्तान का बोझ हल्का करते हैं
लंबे गैप के बाद पुराने योद्धा लौटे
टीम में सिर्फ एकरमैन ही नहीं, बल्कि कई पुराने चेहरे लौटे हैं।
- टिम वैन डेर गुगटेन – लंबे अंतराल के बाद वापसी
- लोगान वैन बीक – जून 2024 के बाद पहली बार टी20 वर्ल्ड कप स्क्वॉड में
इन नामों की वापसी यह बताती है कि नीदरलैंड इस टूर्नामेंट को एक वन-शॉट अवसर की तरह देख रहा है।
बांग्लादेश सीरीज़ के खिलाड़ी बाहर
जहां अनुभवी खिलाड़ियों की वापसी हुई है, वहीं कुछ नामों को बाहर भी होना पड़ा।
बांग्लादेश सीरीज़ में खेलने वाले:
- तेजा निदामनुरु
- टिम प्रिंगल
- विक्रमजीत सिंह
इस बार स्क्वॉड में जगह नहीं बना पाए। इसके अलावा:
- सेड्रिक डी लांगे
- सिकंदर जुल्फिकार
- सेबेस्टियन ब्राट
- डेनियल डोरम
- शारिज अहमद
- रयान क्लेन
भी टीम से बाहर हैं। साफ है—युवाओं की कीमत पर अनुभव को चुना गया है।
ग्रुप A: आसान नहीं है रास्ता
नीदरलैंड को टी20 वर्ल्ड कप 2026 में ग्रुप A में रखा गया है, और यह ग्रुप किसी भी लिहाज से आसान नहीं।
ग्रुप A की टीमें:
- भारत (डिफेंडिंग चैंपियन)
- पाकिस्तान
- नीदरलैंड
- नामीबिया
- यूनाइटेड स्टेट्स
नीदरलैंड को लीग स्टेज में भारत और पाकिस्तान जैसी दिग्गज टीमों से भिड़ना है। यानी हर मैच लगभग नॉकआउट जैसा होगा।
पहला मैच, पहले दिन, बड़ा टेस्ट
नीदरलैंड का पहला मुकाबला ही टूर्नामेंट के ओपनिंग डे पर है।
7 फरवरी, कोलंबो में उनका सामना पाकिस्तान से होगा।
पहला मैच।
बड़ा विपक्ष।
और दबाव भरा माहौल।
ऐसे मैचों में ही यह तय होता है कि टीम टूर्नामेंट में कितनी दूर जा सकती है।
सातवां टी20 वर्ल्ड कप, अनुभव बोलता है
यह नीदरलैंड की पुरुष टीम का सातवां टी20 वर्ल्ड कप होगा।
2009 से लेकर अब तक, नीदरलैंड हर कुछ सालों में यह दिखाता रहा है कि वह सिर्फ “भाग लेने” नहीं आता।
नीदरलैंड की अंतिम स्क्वॉड – T20 World Cup 2026
- स्कॉट एडवर्ड्स (कप्तान)
- कॉलिन एकरमैन
- नोआ क्रोस
- बास डी लीडे
- आर्यन दत्त
- फ्रेड क्लासेन
- काइल क्लेन
- माइकल लेविट
- जैक लायन-कैशेट
- मैक्स ओ’डॉड
- लोगान वैन बीक
- टिम वैन डेर गुगटेन
- रोएलोफ वैन डेर मर्वे
- पॉल वैन मीकेरेन
- साकिब जुल्फिकार















