WPL – लीग स्टेज खत्म होने में बस तीन मैच बचे हैं, लेकिन वुमेंस प्रीमियर लीग 2026 की पॉइंट्स टेबल देखकर कोई भी कंफ्यूज़ हो सकता है। तस्वीर साफ नहीं है, बल्कि और धुंधली हो गई है। एक टीम प्लेऑफ में पहुंच चुकी है, दो जगहें खाली हैं, और चार टीमें लाइन में खड़ी हैं।
पुरानी कहावत याद आती है—एक अनार, दो बीमार।
लेकिन WPL 2026 में मामला और भी दिलचस्प है—दो अनार, चार बीमार।
गुजरात की जीत ने बढ़ाया रोमांच
मंगलवार रात खेले गए रोमांचक मुकाबले में गुजरात जायंट्स ने दिल्ली कैपिटल्स को 3 रन से हरा दिया। यह जीत सिर्फ दो अंक नहीं थी—यह प्लेऑफ रेस का पूरा गणित बदल देने वाली जीत थी।
गुजरात ने एक बार फिर दूसरे नंबर की कुर्सी पर कब्जा कर लिया है।
मुंबई इंडियंस फिसलकर तीसरे स्थान पर चली गई है।
और दिल्ली कैपिटल्स? उनके लिए अब हर मैच करो या मरो बन चुका है।
दिल्ली के लिए सबसे दर्दनाक बात यह है कि गुजरात के खिलाफ इस सीजन दोनों मुकाबले बेहद करीबी अंतर से हारे:
- एक मैच 4 रन से
- दूसरा मैच 3 रन से
सीजन के अंत में यही छोटे अंतर बड़े ज़ख्म बन जाते हैं।
WPL 2026 Points Table (लीग स्टेज के बाद)
| टीम | मैच | जीत | हार | अंक | स्थिति |
|---|---|---|---|---|---|
| रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु | 7 | 5 | 2 | 10 | क्वालीफाई |
| गुजरात जायंट्स | 7 | 4 | 3 | 8 | मजबूत दावेदार |
| मुंबई इंडियंस | 7 | 3 | 4 | 6 | रेस में |
| दिल्ली कैपिटल्स | 7 | 3 | 4 | 6 | NRR कमजोर |
| यूपी वॉरियर्स | 6 | 2 | 4 | 4 | मुश्किल में |
RCB: सबसे पहले टिकट कटा
रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु इस सीजन की सबसे स्थिर टीम रही है।
7 मैच, 5 जीत और 10 अंक—RCB ने बिना किसी गणित के झंझट में पड़े सीधे प्लेऑफ का टिकट कटा लिया।
नेट रन रेट भी मजबूत है, आत्मविश्वास भी।
अब लीग के बचे मैच RCB के लिए बोनस जैसे हैं—लेकिन बाकी टीमों के लिए ये फाइनल से कम नहीं।
गुजरात जायंट्स: एक पैर अंदर
गुजरात जायंट्स की जीत ने उन्हें फिर से ड्राइविंग सीट पर बैठा दिया है।
4 जीत के साथ 8 अंक—और नेट रन रेट भी दिल्ली और मुंबई से बेहतर।
अगर गुजरात अपना आखिरी लीग मैच जीत लेती है, तो बाकी समीकरणों की जरूरत ही नहीं पड़ेगी।
यानी एक जीत = प्लेऑफ लगभग पक्का।
मुंबई बनाम दिल्ली: एक जैसी हालत, अलग परेशानियां
मुंबई इंडियंस और दिल्ली कैपिटल्स—दोनों के:
- मैच: 7
- जीत: 3
- अंक: 6
लेकिन फर्क है नेट रन रेट का।
दिल्ली का NRR कमजोर है और यही उनकी सबसे बड़ी परेशानी बन सकती है।
दिल्ली के लिए मुश्किल यह भी है कि:
- गुजरात के खिलाफ दोनों मैच हार चुकी है
- अब दूसरों के नतीजों पर भी नजर रखनी पड़ेगी
मुंबई के पास अभी भी कंट्रोल है, लेकिन एक और हार उन्हें भी नीचे धकेल सकती है।
यूपी वॉरियर्स: आखिरी सांसें
यूपी वॉरियर्स ने 6 मैचों में सिर्फ 2 जीत हासिल की हैं।
4 अंक के साथ वे सबसे नीचे हैं।
साफ शब्दों में—
- एक और हार = प्लेऑफ की राह लगभग बंद
अब यूपी को न सिर्फ अपने दोनों मैच जीतने होंगे, बल्कि बाकी टीमों के नतीजों की भी दुआ करनी होगी।
क्यों ये WPL सीजन खास है?
क्योंकि यहां कोई भी टीम सुरक्षित नहीं है।
क्योंकि यहां नेट रन रेट हर गेंद के साथ बदल रहा है।
और क्योंकि यहां आखिरी ओवर में सिर्फ मैच नहीं, सीजन का भविष्य तय हो रहा है।
चार टीमों के बीच दो जगहों की लड़ाई—इससे ज्यादा टाइट स्क्रिप्ट लीग क्रिकेट में कम ही मिलती है।















