De Kock – सेंट जॉर्जेस की उस रात वेस्टइंडीज के गेंदबाज़ सिर्फ रन नहीं लुटा रहे थे, रिकॉर्ड्स भी उड़ते जा रहे थे।
और इस तूफान का नाम था—क्विंटन डी कॉक।
222 रनों का पहाड़ जैसा लक्ष्य।
सामने कैरेबियाई बॉलिंग।
लेकिन डी कॉक ने इसे चेज नहीं किया—उड़ा दिया।
222 का पीछा, 115 की अकेली कहानी
दूसरे टी20 में साउथ अफ्रीका ने वेस्टइंडीज को 8 विकेट से रौंद दिया।
स्कोरकार्ड पर सबसे बड़ा नाम—क्विंटन डी कॉक।
- 115 रन
- 49 गेंद
- 6 चौके
- 10 गगनचुंबी छक्के
डी कॉक की इस पारी में पावर भी था, टाइमिंग भी और वो बेखौफ अंदाज़ भी, जो टी20 क्रिकेट को अलग बनाता है।
एक समय ऐसा लगा जैसे बाउंड्री छोटी पड़ गई हो।
10 छक्के और दिग्गजों की बराबरी
इन 10 छक्कों के साथ डी कॉक ने खुद को एक खास क्लब में शामिल कर लिया।
वह अब T20 इंटरनेशनल में एक पारी में 10 छक्के लगाने वाले 27वें खिलाड़ी बन गए हैं।
और इस क्लब में नाम ऐसे हैं, जिनके साथ खड़ा होना ही बड़ी बात है—
- रोहित शर्मा
- क्रिस गेल
- तिलक वर्मा
- संजू सैमसन
यानी डी कॉक अब सिर्फ मैच विनर नहीं,
रिकॉर्ड मेकर भी हैं।
एक टी20 पारी में सबसे ज्यादा छक्के: टॉप रिकॉर्ड्स
अब अगर छक्कों की दुनिया की बात हो ही रही है,
तो पूरी तस्वीर देखना ज़रूरी है।
एक T20 पारी में सबसे ज्यादा छक्के (इंटरनेशनल)
| खिलाड़ी | देश | छक्के |
|---|---|---|
| साहिल चौहान | एस्तोनिया | 18 |
| हजरतुल्लाह जजई | अफगानिस्तान | 16 |
| फिन एलन | न्यूजीलैंड | 16 |
| क्रिस गेल | वेस्टइंडीज | 11 |
| क्विंटन डी कॉक | साउथ अफ्रीका | 10 |
| रोहित शर्मा | भारत | 10 |
| तिलक वर्मा | भारत | 10 |
| संजू सैमसन | भारत | 10 |
18 छक्कों का वर्ल्ड रिकॉर्ड: साहिल चौहान
छक्कों की बात हो और साहिल चौहान का नाम न आए, ऐसा हो नहीं सकता।
2024 में:
- मुकाबला: एस्तोनिया vs साइप्रस
- पारी: 144 रन
- छक्के: 18
यह रिकॉर्ड फिलहाल वर्ल्ड बेंचमार्क है।
और इसे तोड़ना—ईमानदारी से कहें—किसी भी लेवल पर आसान नहीं।
भारत का छक्का किंग: अभिषेक शर्मा
भारतीय फैंस के लिए भी इस लिस्ट में गर्व का एक बड़ा नाम है—अभिषेक शर्मा।
2025 में:
- विपक्ष: इंग्लैंड
- वेन्यू: वानखेड़े स्टेडियम
- रन: 135
- छक्के: 13
यह भारत की ओर से T20I में एक पारी में सबसे ज्यादा सिक्स का रिकॉर्ड है।
उस दिन वानखेड़े में गेंद नहीं,
हिम्मत उड़ रही थी।
डी कॉक की पारी क्यों खास है?
सिर्फ छक्कों की संख्या ही सब कुछ नहीं बताती।
डी कॉक की इस पारी की खास बातें:
- 222 जैसे बड़े टारगेट का दबाव
- वेस्टइंडीज जैसे पावर बॉलिंग अटैक के खिलाफ
- चेज करते हुए शतक
- स्ट्राइक रेट जो शुरुआत से अंत तक ऊपर रहा
यह सिर्फ हिटिंग नहीं थी—
यह कंट्रोल्ड एग्रेसन था।
टी20 क्रिकेट का बदलता चेहरा
आज का टी20:
- 200+ स्कोर आम हो चुके हैं
- चेज में भी बल्लेबाज़ रुकते नहीं
- और छक्के अब बोनस नहीं, जरूरत बन चुके हैं
डी कॉक की यह पारी उसी बदलाव की तस्वीर है।















