Rashid – टी20 वर्ल्ड कप 2026 अब सिर्फ एक टूर्नामेंट नहीं रहा, बल्कि वैश्विक क्रिकेट के विस्तार का प्रतीक बन गया है। 20 टीमों के साथ खेला जा रहा यह वर्ल्ड कप अब तक का सबसे बड़ा टी20 विश्व कप है, और इस बदलाव का सबसे ज़ोरदार समर्थन आया है अफगानिस्तान के कप्तान राशिद खान की तरफ से।
न्यूजीलैंड के खिलाफ होने वाले अहम मुकाबले से ठीक पहले राशिद ने साफ कहा—ज्यादा टीमें मतलब ज्यादा मौके, ज्यादा कहानियां और ज्यादा टैलेंट। उनके शब्दों में, यही क्रिकेट के भविष्य की सही दिशा है।
ज्यादा टीमें होना हमेशा अच्छा है
शनिवार को मीडिया से बातचीत में राशिद खान ने 20 टीमों के विस्तार को लेकर बेहद सकारात्मक नजरिया रखा।
उन्होंने कहा,
“विश्व कप में ज्यादा टीमों का होना हमेशा अच्छा होता है। इससे ज्यादा देश हिस्सा लेते हैं और आपको बहुत नई प्रतिभाएं देखने को मिलती हैं। अलग-अलग टीमें आती हैं और मुझे लगता है कि इसी तरह वर्ल्ड कप और बड़ा बनता जाता है।”
राशिद का मानना है कि जीत-हार से ज्यादा जरूरी है खुद को साबित करने का मंच।
“आप जीतें या हारें, उससे फर्क नहीं पड़ता। अहम यह है कि आप दुनिया को दिखाएं कि आप किसी भी टीम को, कभी भी हरा सकते हैं—अगर आपके अंदर वह भरोसा हो।”
ग्रुप D: आसान नहीं है अफगानिस्तान का रास्ता
अफगानिस्तान को इस वर्ल्ड कप में ग्रुप D में रखा गया है, जहां पहले से ही न्यूजीलैंड और दक्षिण अफ्रीका जैसी मजबूत टीमें मौजूद हैं। राशिद को इस बात का पूरा अहसास है कि आगे की राह आसान नहीं होगी।
उन्होंने दो टूक कहा,
“वर्ल्ड कप में चीजें कभी आसान नहीं होतीं। यही टी20 क्रिकेट की खूबसूरती है। अगर आपको कुछ बड़ा हासिल करना है, तो कठिन दौर से गुजरना ही पड़ेगा।”
उनके मुताबिक,
“अगर आप बड़ी उपलब्धियां चाहते हैं, तो आपको मुश्किल रास्तों को चुनना होगा। हमारे सामने कड़ी प्रतिस्पर्धा है, लेकिन हम उसके लिए तैयार हैं।”
2024 की यादें और 2026 का आत्मविश्वास
राशिद खान ने 2024 टी20 वर्ल्ड कप का जिक्र करते हुए कहा कि अफगानिस्तान पहले भी दुनिया को चौंका चुका है।
“जैसा कि हमने 2024 वर्ल्ड कप में किया था, जब हमने बड़ी टीमों को हराया। ऐसे मैच आपको यह सिखाते हैं कि आत्मविश्वास बनाए रखना कितना जरूरी है।”
अफगानिस्तान की यह पहचान अब बन चुकी है—अंडरडॉग नहीं, बल्कि खतरनाक चैलेंजर।
IPL का अनुभव बनेगा बड़ा हथियार
भारतीय परिस्थितियों में खेले जा रहे इस वर्ल्ड कप में अफगानिस्तान के लिए आईपीएल अनुभव बेहद अहम साबित हो सकता है। राशिद खुद आईपीएल के सबसे सफल विदेशी खिलाड़ियों में गिने जाते हैं।
उन्होंने कहा,
“हमारे पास अच्छे स्पिनर हैं। विकेट बल्लेबाजी के लिए अच्छा लग रहा है, लेकिन यहां आईपीएल में खेलने का अनुभव बहुत काम आता है। आपको स्मार्ट बॉलिंग करनी होती है।”
भारतीय पिचों पर स्पिन हमेशा बड़ा फैक्टर रहता है, और अफगानिस्तान इसी ताकत के दम पर बड़ी टीमों को परेशानी में डाल सकता है।
700 विकेट से चार कदम दूर राशिद
राशिद खान सिर्फ कप्तान ही नहीं, बल्कि आधुनिक टी20 क्रिकेट के सबसे घातक गेंदबाजों में से एक हैं। वह अब सभी टी20 प्रतियोगिताओं में 700 विकेट पूरे करने से सिर्फ चार विकेट दूर हैं।
इस उपलब्धि पर राशिद ने बेहद विनम्र अंदाज में बात की।
“मैंने कभी अपने विकेट नहीं गिने। अक्सर मुझे मीडिया से ही पता चलता है कि मैंने 400, 500 या 600 विकेट पूरे कर लिए हैं।”
उन्होंने कहा,
“मैं हर दिन अपना सर्वश्रेष्ठ देने की कोशिश करता हूं। टीम के लिए अच्छा प्रदर्शन करना, मुश्किल परिस्थितियों में गेंदबाजी करना—यही चीज मुझे केंद्रित रखती है।”
700 विकेट कोई छोटी बात नहीं
राशिद ने माना कि अब जाकर उन्हें इस आंकड़े की अहमियत समझ आती है।
“कभी-कभी मैं सोचता हूं कि 700 विकेट कोई छोटी बात नहीं है। वहां तक पहुंचने के लिए बहुत समय और कड़ी मेहनत लगती है।”
उन्होंने आगे कहा,
“मैं खुद को सौभाग्यशाली मानता हूं और बहुत खुश हूं कि मैं इस मुकाम तक पहुंच रहा हूं।”
पिछले एक दशक में राशिद खान अफगान क्रिकेट की पहचान, रीढ़ और चेहरा बन चुके हैं।















