India A – ढाका के मैदान पर रविवार की शाम युवा जोश और दबदबे की कहानी लिखी गई। विमेंस एशिया कप राइजिंग स्टार्स 2026 के फाइनल में इंडिया ए वुमेन टीम ने बांग्लादेश ए को ऐसा झटका दिया कि मैच एकतरफा बन गया। 135 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए बांग्लादेश की टीम सिर्फ 88 रन पर ढेर हो गई—और ट्रॉफी भारत के नाम हो गई।
यह सिर्फ जीत नहीं थी, यह भविष्य की झलक थी।
तेजल हसबनीस का चमकता अर्धशतक
फाइनल का दबाव, सामने घरेलू परिस्थितियों में खेल रही बांग्लादेश ए—लेकिन तेजल हसबनीस ने पारी को जिस तरह संभाला, वह परिपक्वता का संकेत था।
34 गेंदों में 51 रन।
शॉट चयन साफ, इरादा स्पष्ट।
उनकी पारी ने भारत को सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचाया। कप्तान राधा यादव ने भी 36 रन जोड़े। हालांकि भारतीय टीम 7 विकेट पर 134 रन ही बना सकी—जो बहुत बड़ा स्कोर नहीं था।
भारत ए – फाइनल स्कोरकार्ड
| बल्लेबाज | रन |
|---|---|
| तेजल हसबनीस | 51 (34) |
| राधा यादव | 36 |
| कुल स्कोर | 134/7 (20 ओवर) |
बांग्लादेश ए की ओर से फाहिमा खातून ने चार विकेट लेकर भारत को बड़े स्कोर से रोका। उस वक्त लगा था कि मुकाबला कांटे का हो सकता है।
गेंदबाजों ने कर दिया काम आसान
लेकिन रन चेज में कहानी बदल गई।
135 का लक्ष्य दबाव में पहाड़ बन गया।
बांग्लादेश ए की बल्लेबाजी लड़खड़ा गई। चार बल्लेबाज दहाई का आंकड़ा पार कर सके, पर कोई भी टिक नहीं पाया। टीम 88 रन पर सिमट गई।
भारत ए – गेंदबाजी प्रदर्शन
| गेंदबाज | विकेट |
|---|---|
| प्रेमा रावत | 3 |
| सोनिया मेंधिया | 2 |
| तनुजा कंवर | 2 |
| साइमा ठाकोर | 1 |
| मिन्नु मनी | 1 |
| राधा यादव | 1 |
यह सामूहिक प्रदर्शन था। हर गेंदबाज ने योगदान दिया। कप्तान राधा यादव का पहले बल्लेबाजी का फैसला सही साबित हुआ—हाई प्रेशर मैच में चेज सच में मुश्किल हो गया।
टूर्नामेंट का सफर
इस टूर्नामेंट में कुल 8 टीमें उतरी थीं। फुल मेंबर देशों ने अपनी ए टीम भेजी, जबकि एसोसिएट नेशन्स की सीनियर टीमें भी शामिल थीं।
ग्रुप स्टेज से बाहर
- थाइलैंड
- मलेशिया
- यूएई
- नेपाल
सेमीफाइनल में भारत ने श्रीलंका को हराया, जबकि बांग्लादेश ने पाकिस्तान को मात दी। फाइनल में भारत ने एक कदम और आगे बढ़ते हुए खिताब अपने नाम कर लिया।
भविष्य की नींव
राइजिंग स्टार्स टूर्नामेंट सिर्फ ट्रॉफी का मंच नहीं होता—यह राष्ट्रीय टीम की अगली पीढ़ी तैयार करता है।
तेजल हसबनीस, प्रेमा रावत, सोनिया मेंधिया जैसे नाम अब चयनकर्ताओं की नजर में होंगे। भारत की सीनियर टीम पहले ही विश्व क्रिकेट में दबदबा बना रही है—और यह ए टीम उस मजबूती की जड़ है।















