Pant – आईपीएल 2026 में निराशाजनक प्रदर्शन और लिमिटेड ओवरों की भारतीय टीम से लंबे समय से बाहर चल रहे ऋषभ पंत अब एक बार फिर टेस्ट क्रिकेट में खुद को साबित करने के लिए तैयार हैं।
अफगानिस्तान के खिलाफ 6 जून से मुल्लांपुर में शुरू होने वाले एकमात्र टेस्ट मैच से पहले उनके बचपन के कोच देवेंद्र शर्मा ने उन्हें अहम सलाह दी है। शर्मा का मानना है कि पंत को अपने स्वाभाविक खेल में थोड़ा बदलाव करते हुए आड़े शॉट्स कम खेलने चाहिए और ऑफ-साइड पर ज्यादा ध्यान देना चाहिए।
पिछले कुछ समय से पंत का बल्ला अपेक्षित प्रदर्शन नहीं कर पाया है। आईपीएल 2026 उनके लिए लगातार दूसरा ऐसा सीजन रहा जिसमें वह अपनी छाप छोड़ने में नाकाम रहे। इसके बाद उन्होंने लखनऊ सुपर जायंट्स की कप्तानी भी छोड़ दी। अब उनका पूरा फोकस टेस्ट क्रिकेट पर है, जहां वह भारतीय टीम के सबसे महत्वपूर्ण खिलाड़ियों में से एक माने जाते हैं।
बचपन के कोच ने बताई फॉर्म में वापसी की कुंजी
ऋषभ पंत के क्रिकेट करियर को करीब से देखने वाले उनके बचपन के कोच देवेंद्र शर्मा का मानना है कि विकेटकीपर बल्लेबाज जरूरत से ज्यादा आक्रामक होने की कोशिश कर रहे हैं।
पीटीआई से बातचीत में शर्मा ने कहा कि पंत खुद पर अनावश्यक दबाव डाल रहे हैं और इसी वजह से उनका स्वाभाविक खेल प्रभावित हो रहा है।
देवेंद्र शर्मा ने क्या कहा?
“वह जरूरत से ज्यादा कोशिश कर रहा है और बहुत अधिक आड़े शॉट खेल रहा है। वह खुद पर बहुत ज्यादा दबाव डाल रहा है। उसे अधिक सीधे शॉट खेलने चाहिए, इससे उसे अधिक सफलता मिलेगी।”
कोच का मानना है कि जब कोई बल्लेबाज रन बनाने के लिए संघर्ष कर रहा हो तो उसे क्रिकेट के बुनियादी सिद्धांतों पर वापस लौटना चाहिए।
‘बेसिक्स’ पर लौटने की जरूरत
देवेंद्र शर्मा ने खुलासा किया कि उन्होंने हाल ही में पंत से बातचीत की थी और उन्हें अपनी बल्लेबाजी को सरल बनाने की सलाह दी थी।
उनके अनुसार, खराब फॉर्म से बाहर निकलने का सबसे आसान तरीका तकनीक और शॉट चयन को सरल रखना है।
कोच की प्रमुख सलाह
| सुझाव | उद्देश्य |
|---|---|
| सीधे शॉट खेलना | जोखिम कम करना |
| ऑफ-साइड पर ज्यादा खेलना | बेहतर नियंत्रण |
| आड़े शॉट कम करना | विकेट बचाना |
| बेसिक्स पर फोकस | आत्मविश्वास वापस लाना |
शर्मा का मानना है कि पंत के पास प्रतिभा की कोई कमी नहीं है, लेकिन फिलहाल उन्हें धैर्य और संतुलन की जरूरत है।
टेस्ट क्रिकेट में अलग रणनीति अपनाने की सलाह
पंत अब अफगानिस्तान के खिलाफ टेस्ट मैच में खेलते नजर आएंगे। उनके कोच का कहना है कि टी20 और टेस्ट क्रिकेट की मानसिकता पूरी तरह अलग होती है और उन्हें उसी हिसाब से बल्लेबाजी करनी होगी।
टेस्ट और टी20 में बड़ा अंतर
| टेस्ट क्रिकेट | टी20 क्रिकेट |
|---|---|
| धैर्य की जरूरत | तेज रन बनाने का दबाव |
| लंबी पारी अहम | त्वरित प्रभाव जरूरी |
| तकनीक महत्वपूर्ण | आक्रामकता प्राथमिक |
| विकेट की कीमत ज्यादा | जोखिम स्वीकार्य |
देवेंद्र शर्मा ने कहा कि पिछली बार जब पंत ने भारत के लिए टेस्ट मैच खेला था तो उन्होंने मैच जिताऊ पारी खेली थी और उन्हें उम्मीद है कि अफगानिस्तान के खिलाफ भी वह वैसा ही प्रदर्शन करेंगे।
संयमित आक्रामकता होगी सफलता की कुंजी
ऋषभ पंत हमेशा से अपने आक्रामक अंदाज के लिए जाने जाते हैं। चाहे वह ऑस्ट्रेलिया में गाबा टेस्ट हो या इंग्लैंड में मैच जिताऊ पारियां, उन्होंने अपने प्राकृतिक खेल से ही सफलता हासिल की है।
हालांकि उनके कोच का मानना है कि फिलहाल उन्हें “संयमित आक्रामकता” अपनाने की जरूरत है।
पंत को किन क्षेत्रों पर ध्यान देना चाहिए?
| क्षेत्र | सलाह |
|---|---|
| ऑफ-साइड शॉट्स | अधिक उपयोग |
| ऑन-साइड हिटिंग | सीमित जोखिम |
| स्ट्राइक रोटेशन | बढ़ाना |
| लंबी पारी | प्राथमिकता |
कोच के अनुसार, ऑफ-साइड पर खेलने से पंत को बेहतर नियंत्रण मिलेगा और अनावश्यक जोखिम कम होंगे।
लंबे समय से वाइट-बॉल टीम से बाहर हैं पंत
एक समय भारतीय क्रिकेट के तीनों फॉर्मेट के अहम खिलाड़ी माने जाने वाले ऋषभ पंत फिलहाल सिर्फ टेस्ट क्रिकेट में ही नियमित रूप से नजर आ रहे हैं।
उन्होंने आखिरी बार जुलाई 2024 में श्रीलंका के खिलाफ टी20 इंटरनेशनल मैच खेला था। वहीं अगस्त 2024 के बाद से वह भारत की वनडे टीम का भी हिस्सा नहीं रहे हैं।
ऋषभ पंत का हालिया अंतरराष्ट्रीय रिकॉर्ड
| फॉर्मेट | आखिरी मैच |
|---|---|
| टेस्ट | सक्रिय |
| वनडे | अगस्त 2024 बनाम श्रीलंका |
| टी20I | जुलाई 2024 बनाम श्रीलंका |
ऐसे में अफगानिस्तान टेस्ट उनके लिए चयनकर्ताओं को प्रभावित करने का महत्वपूर्ण अवसर हो सकता है।
टेस्ट क्रिकेट में शानदार रहा है पंत का रिकॉर्ड
हालिया संघर्षों के बावजूद टेस्ट क्रिकेट में ऋषभ पंत का रिकॉर्ड बेहद प्रभावशाली रहा है। उन्होंने विदेशी परिस्थितियों में कई मैच जिताऊ पारियां खेली हैं।
ऋषभ पंत के टेस्ट करियर के आंकड़े
| आंकड़ा | प्रदर्शन |
|---|---|
| टेस्ट मैच | 49 |
| रन | 3476 |
| औसत | 42.91 |
| शतक | 8 |
| अर्धशतक | 18 |
| सर्वोच्च स्कोर | 159* |
इन आंकड़ों से स्पष्ट है कि टेस्ट क्रिकेट में पंत भारत के सबसे प्रभावशाली बल्लेबाजों में से एक रहे हैं।
वनडे और टी20 में कैसा रहा प्रदर्शन?
वनडे करियर
| आंकड़ा | प्रदर्शन |
|---|---|
| मैच | 31 |
| रन | 871 |
| औसत | 33.50 |
| शतक | 1 |
| अर्धशतक | 5 |
| सर्वोच्च स्कोर | 125* |
टी20 अंतरराष्ट्रीय करियर
| आंकड़ा | प्रदर्शन |
|---|---|
| मैच | 76 |
| रन | 1209 |
| औसत | 23.25 |
| स्ट्राइक रेट | 127.26 |
| अर्धशतक | 3 |
हालांकि सफेद गेंद क्रिकेट में उनके आंकड़े टेस्ट क्रिकेट जितने प्रभावशाली नहीं रहे हैं।















