IND vs SL – भारत और श्रीलंका के बीच कोलंबो में खेले जा रहे दूसरे टेस्ट के चौथे दिन भारतीय टीम ने मैच पर अपनी पकड़ मजबूत बनाए रखी, लेकिन पूर्व भारतीय बल्लेबाज चेतेश्वर पुजारा शुभमन गिल की कप्तानी से पूरी तरह प्रभावित नजर नहीं आए।
पुजारा ने गिल के कप्तान के तौर पर कुछ फैसलों पर सवाल उठाते हुए कहा कि श्रीलंका के काउंटर अटैक के सामने भारतीय कप्तान जरूरत से ज्यादा रक्षात्मक हो गए।
भारत ने पहली पारी में 503/9 का विशाल स्कोर बनाकर पारी घोषित की थी। जवाब में श्रीलंका की पहली पारी 290 रन पर सिमट गई और भारत को 213 रन की बड़ी बढ़त मिली। इसके बाद भारत ने श्रीलंका को फॉलोऑन दिया। चौथे दिन स्टंप्स तक मेजबान टीम ने दूसरी पारी में 229/6 रन बना लिए थे और भारत पर 16 रन की बढ़त हासिल कर ली थी।
गिल की कप्तानी पर पुजारा ने उठाए सवाल
चेतेश्वर पुजारा ने सोनी स्पोर्ट्स पर चर्चा के दौरान शुभमन गिल की कप्तानी का विश्लेषण किया।
उन्होंने कहा कि लंच और चाय के बीच के सेशन में गिल कप्तान के तौर पर बहुत जल्दी डिफेंसिव हो गए। पुजारा के मुताबिक, श्रीलंकाई बल्लेबाजों के काउंटर अटैक ने भारतीय टीम को थोड़ा हैरान किया और ऐसे समय में कप्तान को ज्यादा आक्रामक रवैया अपनाने की जरूरत थी।
उनका मानना है कि भारतीय गेंदबाजों को रन रोकने के बजाय विकेट लेने के लिए ज्यादा प्रोत्साहित किया जाना चाहिए था।
‘थोड़ी और हिम्मत दिखाने की जरूरत’
पुजारा ने कहा कि श्रीलंका के पलटवार के सामने भारतीय टीम को थोड़ी और हिम्मत दिखानी चाहिए थी।
उनके मुताबिक टेस्ट क्रिकेट में जब विपक्षी टीम दबाव से बाहर निकलने की कोशिश कर रही हो, तब कप्तान के लिए फील्ड और गेंदबाजी में आक्रामक विकल्प बनाए रखना जरूरी होता है।
उन्होंने कहा कि भारतीय गेंदबाजों को ज्यादा डिफेंसिव होने देने के बजाय विकेट लेने के लिए प्रेरित करना चाहिए।
यानी पुजारा की नजर में गिल को श्रीलंका की वापसी के दौरान अटैकिंग माइंडसेट बनाए रखना चाहिए था।
फॉलोऑन के फैसले का किया बचाव
हालांकि पुजारा ने गिल के फॉलोऑन देने के फैसले को गलत नहीं बताया।
उन्होंने माना कि मौसम की स्थिति भारत के फॉलोऑन देने के पीछे महत्वपूर्ण कारण हो सकती है।
चौथे दिन कोलंबो में बारिश और खराब रोशनी के कारण खेल निर्धारित समय से पहले रोकना पड़ा था। ऐसे में भारत के पास पांचवें दिन का ज्यादा से ज्यादा समय बचाने के लिए श्रीलंका को दोबारा बल्लेबाजी के लिए भेजने का अच्छा कारण था।
‘ग्राउंड स्टाफ से बात की होगी’
पुजारा ने कहा कि उन्हें पूरा भरोसा है कि भारतीय टीम ने फॉलोऑन का फैसला लेने से पहले ग्राउंड स्टाफ से मौसम और परिस्थितियों को लेकर बातचीत की होगी।
उनके मुताबिक, अगर बारिश का खतरा नहीं होता तो भारत शायद पहले खुद बल्लेबाजी करना पसंद करता।
लेकिन बारिश की संभावना को देखते हुए श्रीलंका को फॉलोऑन देना तार्किक फैसला था।
पुजारा ने यह भी कहा कि भारत ने इस फैसले के बाद विकेट हासिल किए हैं, इसलिए अभी इसे गलत फैसला नहीं कहा जा सकता।
सूरियाबंडारा और कामिंदु मेंडिस ने पलटा मैच
श्रीलंका की दूसरी पारी में पासिंदु सूरियाबंडारा और कामिंदु मेंडिस ने भारतीय गेंदबाजों के सामने शानदार बल्लेबाजी की।
दोनों के बीच तीसरे विकेट के लिए 115 रनों की साझेदारी हुई। जब श्रीलंका 63 रन पर दो विकेट गंवा चुका था और फॉलोऑन के दबाव में था, तब दोनों बल्लेबाजों ने पारी को संभाला।
लगभग 110 मिनट तक दोनों ने भारतीय गेंदबाजों का डटकर सामना किया और श्रीलंका को मैच में वापस ला दिया।
सूरियाबंडारा ने 92 रन की शानदार पारी खेली, जबकि कामिंदु मेंडिस ने 55 रन बनाए।
श्रीलंका ने किया शानदार काउंटर अटैक
इस साझेदारी की खास बात यह रही कि दोनों बल्लेबाज सिर्फ रक्षात्मक होकर नहीं खेले।
सूरियाबंडारा और मेंडिस ने खुलकर शॉट लगाए और भारतीय गेंदबाजों पर दबाव बनाया। उनके आक्रामक रवैये ने श्रीलंका को 213 रन की पहली पारी की बढ़त से उबरने में मदद की।
यही वह दौर था, जहां पुजारा को भारतीय कप्तान की ओर से थोड़ी और आक्रामक कप्तानी की जरूरत महसूस हुई।
पांचवें दिन रोमांचक मुकाबले की उम्मीद
चौथे दिन स्टंप्स तक श्रीलंका ने दूसरी पारी में 229/6 रन बना लिए थे और भारत पर 16 रन की बढ़त हासिल कर ली थी।
भारत ने पहली पारी में 503/9 पर पारी घोषित की थी, जबकि श्रीलंका पहली पारी में 290 रन पर आउट हुआ था।
अब भारतीय टीम की प्राथमिकता श्रीलंका के बाकी चार विकेट जल्द से जल्द हासिल करना होगी। इसके बाद उसे लक्ष्य का पीछा करना होगा।
हालांकि, कोलंबो का मौसम मैच के नतीजे में अहम भूमिका निभा सकता है।
IND vs SL 2nd Test की स्थिति
| टीम/पारी | स्कोर |
|---|---|
| भारत पहली पारी | 503/9 घोषित |
| श्रीलंका पहली पारी | 290 ऑलआउट |
| भारत की बढ़त | 213 रन |
| श्रीलंका दूसरी पारी | 229/6 |
| श्रीलंका की बढ़त | 16 रन |
| तीसरे विकेट की साझेदारी | 115 रन |
| पासिंदु सूरियाबंडारा | 92 रन |
| कामिंदु मेंडिस | 55 रन |













