BBL – बिग बैश लीग 2025-26 का सीजन बाबर आज़म के लिए अब तक उम्मीदों के बिल्कुल उलट रहा है। जिस बल्लेबाज़ से ऑस्ट्रेलियाई दर्शक क्लास और निरंतरता की उम्मीद कर रहे थे, वही अब कमेंट्री बॉक्स में तंज और व्यंग्य का विषय बन चुका है।
मैदान पर रन नहीं निकल रहे, और बाहर बातें तेज़ हो गई हैं—इतनी तेज़ कि खुद डेविड वॉर्नर और एडम गिलक्रिस्ट भी खुद को रोक नहीं पाए।
बीबीएल जैसे आक्रामक टूर्नामेंट में बाबर की धीमी बल्लेबाज़ी अब सिर्फ टीम की समस्या नहीं रही, बल्कि पूरे क्रिकेट जगत में बहस का मुद्दा बन चुकी है।
वॉर्नर का सवाल, गिलक्रिस्ट का करारा तंज
मैच के दौरान कमेंट्री करते हुए डेविड वॉर्नर ने अचानक एडम गिलक्रिस्ट की तरफ देखते हुए एक ऐसा सवाल दाग दिया, जो सीधे बाबर पर था।
वॉर्नर बोले,
“गिली, आपको क्या लगता है बाबर को बीबीएल में क्यों चुना गया?”
इस पर गिलक्रिस्ट ने बिना घुमाए जवाब दिया,
“क्योंकि ऑस्ट्रेलियाई लोग टेस्ट क्रिकेट देखना पसंद करते हैं, और बाबर आज़म शायद इकलौते ऐसे खिलाड़ी हैं जो तीनों फॉर्मेट को टेस्ट की तरह खेलते हैं।”
यह सिर्फ मज़ाक नहीं था। यह बाबर की टी20 अप्रोच पर सीधा कटाक्ष था—और स्टेडियम से ज्यादा, यह बयान सोशल मीडिया पर गूंज गया।
आंकड़े जो कहानी खुद बयां करते हैं
बीबीएल 2025-26 में बाबर आज़म का प्रदर्शन कागज़ पर भी परेशान करने वाला दिखता है।
अब तक 8 मैचों में उनकी पारियां रही हैं:
2(5), 9(10), 58(42), 2(7), 58*(46), 2(7), 14(17), 9*(14)
कुल रन: 154
अर्धशतक: 2
लेकिन असली समस्या रन नहीं, रफ्तार है।
104 का स्ट्राइक रेट: टी20 में सबसे बड़ा सवाल
इस सीजन बीबीएल में बाबर आज़म का स्ट्राइक रेट रहा है 104।
यह आंकड़ा इसलिए ज्यादा चुभता है क्योंकि यह पूरे टूर्नामेंट में सबसे कम है।
टी20 क्रिकेट में जहां:
- पावरप्ले में तेजी जरूरी है
- मिडिल ओवर्स में एक्सेलेरेशन अनिवार्य है
- और डेथ ओवर्स में गियर बदलना ही मैच तय करता है
वहां बाबर की बल्लेबाज़ी अक्सर एक ही गियर में अटकी हुई दिखी है।
दो अर्धशतक, लेकिन असर गायब
यह कहना गलत होगा कि बाबर पूरी तरह फ्लॉप रहे हैं। उन्होंने दो फिफ्टी लगाई हैं—58 और नाबाद 58।
लेकिन दोनों ही पारियां ऐसी थीं, जिनमें:
- गेंदें ज्यादा खर्च हुईं
- टीम को मोमेंटम नहीं मिला
- और अंत में मैच हाथ से निकल गया
यही वजह है कि अब सवाल सिर्फ “रन बने या नहीं” का नहीं, बल्कि
“टी20 की मांग के हिसाब से रन बने या नहीं” का है।
सोशल मीडिया पर मीम्स, बहस और तंज
वॉर्नर–गिलक्रिस्ट की कमेंट्री के बाद सोशल मीडिया पर बाबर आज़म ट्रेंड करने लगे—लेकिन गलत वजह से।
- “BBL में टेस्ट ओपनिंग”
- “हर फॉर्मेट = टेस्ट”
- “स्ट्राइक रेट 104, सदी 1950”
ऐसे तंज लगातार दिख रहे हैं। बाबर जैसे खिलाड़ी के लिए यह दौर मानसिक रूप से भी आसान नहीं होगा।
क्या बाबर की स्टाइल ही समस्या है?
बाबर आज़म को हमेशा से:
- टाइमिंग
- क्लास
- और कंसिस्टेंसी
के लिए जाना गया है। लेकिन टी20 अब सिर्फ क्लास का खेल नहीं रहा।
यह इंटेंट और अडैप्टेबिलिटी का फॉर्मेट है।
ऑस्ट्रेलियाई पिचों पर, छोटी बाउंड्री और तेज आउटफील्ड के बावजूद अगर रन 6–7 की गति से आ रहे हों, तो सवाल उठेंगे ही।















