Bumrah – गुवाहाटी की पिच पर चौके-छक्कों की बारिश हो रही थी, स्टैंड्स में शोर था, लेकिन असली फर्क डाल रहा था एक नाम—जसप्रीत बुमराह। तीसरे टी-20 में भारत ने न्यूजीलैंड को एकतरफा अंदाज़ में हराया, बल्लेबाज़ों ने फिर से तूफान मचाया, लेकिन प्लेयर ऑफ द मैच का अवॉर्ड गेंदबाज़ के हाथ गया। और वजह बिल्कुल साफ थी।
चार ओवर, 17 रन, 3 विकेट।
टी-20 क्रिकेट में इससे ज़्यादा क्लास और कंट्रोल दिखाना मुश्किल है।
लगातार तीसरे मैच में नया हीरो
यह सीरीज़ भारत की गहराई और विविधता का सबसे बड़ा सबूत बन चुकी है।
पहला टी-20—अभिषेक शर्मा
दूसरा टी-20—ईशान किशन
तीसरा टी-20—जसप्रीत बुमराह
लगातार तीन मैच, तीन अलग-अलग मैच विनर। यही वजह है कि इस भारतीय टीम को सिर्फ मजबूत नहीं, खतरनाक कहा जा रहा है।
बुमराह का स्पेल: बल्लेबाज़ी के शोर में गेंदबाज़ की आवाज़
तीसरे टी-20 में भारत ने पहले ही न्यूजीलैंड पर दबाव बना दिया था, लेकिन बुमराह ने उसे पूरी तरह जकड़ लिया। नई गेंद से लाइन-लेंथ, डेथ ओवर्स में यॉर्कर—हर फेज़ में वही पुराना बुमराह, लेकिन असर आज भी उतना ही घातक।
उनके 3 विकेट सिर्फ आंकड़े नहीं थे, वे न्यूजीलैंड की उम्मीदों पर ब्रेक थे। जब रन बह रहे हों और फिर भी गेंदबाज़ मैच निकाल ले जाए—वहीं असली क्लास दिखती है।
गौतम गंभीर की बराबरी, खास क्लब में एंट्री
इस प्लेयर ऑफ द मैच अवॉर्ड के साथ ही बुमराह ने एक और बड़ा मुकाम हासिल कर लिया।
अब वे भारत के लिए 15 बार POTM जीतने वाले खिलाड़ियों की सूची में शामिल हो गए हैं—और इस नंबर पर उन्होंने गौतम गंभीर की बराबरी कर ली है।
यह दिलचस्प है क्योंकि गंभीर बल्लेबाज़ थे, बुमराह गेंदबाज़। अलग-अलग रोल, लेकिन असर बराबर।
इस लिस्ट में बुमराह के साथ ये नाम भी मौजूद हैं—
सुरेश रैना, नवजोत सिंह सिद्धु।
सचिन सबसे ऊपर, कोहली ठीक पीछे
अगर भारत के सबसे ज़्यादा प्लेयर ऑफ द मैच अवॉर्ड्स की बात करें, तो शीर्ष पर एक ही नाम है—सचिन तेंदुलकर।
भारत के लिए सबसे ज़्यादा POTM अवॉर्ड
| खिलाड़ी | POTM |
|---|---|
| सचिन तेंदुलकर | 76 |
| विराट कोहली | 71 |
| रोहित शर्मा | 45 |
| सौरव गांगुली | 37 |
| युवराज सिंह | 34 |
| वीरेंद्र सहवाग | 31 |
| रविंद्र जडेजा | 26 |
| राहुल द्रविड़ | 25 |
| एमएस धोनी | 23 |
| मोहम्मद अजहरुद्दीन | 23 |
इसके बाद की लिस्ट में कपिल देव, शिखर धवन, अनिल कुंबले, आर अश्विन जैसे दिग्गज आते हैं—और अब उसी लंबी परंपरा में जसप्रीत बुमराह का नाम और गहरा होता जा रहा है।
गेंदबाज़ होकर POTM जीतना क्यों खास है?
टी-20 क्रिकेट बल्लेबाज़ों का खेल माना जाता है। बड़े स्कोर, तेज़ स्ट्राइक रेट और वायरल हाइलाइट्स—सब कुछ बैट के इर्द-गिर्द घूमता है। ऐसे में जब एक गेंदबाज़ लगातार मैच जिताता है और अवॉर्ड बटोरता है, तो उसका मतलब अलग होता है।
बुमराह सिर्फ विकेट नहीं लेते—वे मैच की गति तय करते हैं।
भारत की ताकत: हर मैच में नया गेम-चेंजर
इस सीरीज़ ने साफ कर दिया है कि भारत अब एक-दो स्टार्स पर निर्भर नहीं है।
अगर टॉप ऑर्डर चला—तो अभिषेक।
अगर मिडिल ऑर्डर चमका—तो ईशान।
और अगर मैच फंस गया—तो बुमराह।
यही वजह है कि भारत की नंबर-1 टी-20 रैंकिंग सिर्फ काग़ज़ी नहीं लगती।















