Ashes – ऑस्ट्रेलिया की गर्म धूप, समंदर किनारे रिसॉर्ट, और मैदान पर लगातार हार—इंग्लैंड की एशेज कहानी अब सिर्फ क्रिकेट तक सीमित नहीं रही। शराब, वीडियो, सोशल मीडिया और मानसिक स्वास्थ्य—ये सब शब्द अब इस सीरीज़ के साथ चिपक चुके हैं। और इस पूरे विवाद के बीच सबसे ज़्यादा चर्चा में हैं बेन डकेट।
एशेज में 0-3 से पीछे, ट्रॉफी पहले ही हाथ से निकल चुकी है, और अब इंग्लैंड टीम के ड्रिंकिंग कल्चर की जांच शुरू हो चुकी है। यह वह मोड़ है, जहां हार सिर्फ स्कोरबोर्ड पर नहीं दिखती—ड्रेसिंग रूम तक महसूस होती है।
नूसा रिसॉर्ट ब्रेक: प्लान का हिस्सा, विवाद की जड़
जब इंग्लैंड 0-2 से पीछे चल रहा था, तब दूसरे और तीसरे टेस्ट के बीच टीम को चार दिन का ब्रेक मिला। यह ब्रेक क्वींसलैंड के नूसा (Noosa) में एक बीचसाइड रिसॉर्ट पर बिताया गया।
टीम मैनेजमेंट का कहना है कि यह ब्रेक पहले से तय शेड्यूल का हिस्सा था—रिकवरी, मेंटल रिफ्रेश और फैमिली टाइम के लिए।
लेकिन जैसे ही सीरीज़ तीसरे टेस्ट के बाद 0-3 हो गई, उसी ब्रेक की तस्वीरें और वीडियो अब सबूत बनकर सोशल मीडिया पर तैरने लगे।
बेन डकेट का वीडियो: रास्ता नहीं याद, सवाल खड़े
मंगलवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व में ट्विटर) पर एक वीडियो वायरल हुआ। इसमें इंग्लैंड के सलामी बल्लेबाज़ बेन डकेट होटल के बाहर खड़े दिखाई देते हैं।
वीडियो में:
- डकेट लोगों से बातचीत कर रहे हैं
- एक महिला उनसे पूछती है—क्या आपको होटल का रास्ता पता है?
- डकेट कथित तौर पर जवाब देते हैं—“नहीं”
- वह कन्फ्यूज और भटके हुए दिखाई देते हैं
यही वीडियो पूरे विवाद की ट्रिगर पॉइंट बन गया।
जैकब बेथेल भी कैमरे में
एक दूसरा वीडियो भी सामने आया, जिसमें जैकब बेथेल एक क्लब में नाचते हुए दिख रहे हैं।
दिलचस्प बात यह है कि:
- बेथेल ने अब तक सीरीज़ में एक भी टेस्ट नहीं खेला
- लेकिन उन्हें चौथे टेस्ट की प्लेइंग XI में शामिल किया गया है
यानी सवाल सिर्फ बिहेवियर का नहीं, टाइमिंग और सेंसिटिविटी का भी है।
ECB का आधिकारिक स्टैंड: जांच होगी, फैसला बाद में
इन वीडियो के सामने आने के बाद इंग्लैंड एंड वेल्स क्रिकेट बोर्ड (ECB) ने एक संक्षिप्त बयान जारी किया।
ECB ने कहा:
- वह सोशल मीडिया पर चल रही सामग्री से अवगत है
- तथ्यों की पुष्टि की जा रही है
- जांच पूरी होने से पहले कोई टिप्पणी नहीं की जाएगी
यानी फिलहाल कोई सज़ा नहीं, लेकिन क्लीन चिट भी नहीं।
बेन स्टोक्स का रुख: पहले इंसान, फिर खिलाड़ी
इंग्लैंड के कप्तान बेन स्टोक्स इस पूरे मामले में सबसे ज्यादा संतुलित आवाज़ बनकर सामने आए हैं।
उन्होंने साफ कहा कि खिलाड़ियों का मानसिक स्वास्थ्य उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है।
स्टोक्स बोले:
“जब मीडिया और सोशल मीडिया दोनों तरफ से खिलाड़ियों को निशाना बनाया जा रहा हो, तो वह स्थिति किसी के लिए भी आसान नहीं होती।”
यह बयान ऐसे वक्त आया है, जब इंग्लैंड हर तरफ से दबाव में है—मैदान पर भी, बाहर भी।
“0-3 से पीछे हो तो हर चीज़ जज होती है”
स्टोक्स ने हार की सच्चाई को भी छिपाया नहीं।
उन्होंने कहा:
“जब आप सीरीज़ में 0-3 से पीछे होते हैं और सीरीज़ पहले ही हार चुके होते हैं, तो आपके हर शब्द और हर हरकत की जांच होती है। यह स्वाभाविक है।”
यानी स्टोक्स मानते हैं कि जीत होती, तो शायद यही वीडियो इश्यू न बनते।
डकेट को पूरा सपोर्ट: “वह इस टीम के लिए अहम हैं”
बेन स्टोक्स ने बेन डकेट का खुलकर बचाव किया।
उनके शब्दों में:
“मैंने उनसे बात की है और इस पूरी स्थिति में उन्हें अपना पूरा समर्थन दिया है। वह इस टीम के लिए बहुत महत्वपूर्ण खिलाड़ी हैं।”
स्टोक्स ने डकेट को:
- ड्रेसिंग रूम का अहम हिस्सा
- बेहद प्रभावशाली व्यक्ति
बताया—खासतौर पर तब, जब अभी दो टेस्ट बाकी हैं।
मैदान पर फॉर्म भी सवालों में
यह पूरा विवाद ऐसे वक्त आया है, जब डकेट का बल्ला भी खामोश है।
इस सीरीज़ में:
- 6 पारियां
- सर्वोच्च स्कोर: 29 रन
तीसरे टेस्ट में थोड़ी लय दिखी थी, लेकिन नाथन लियोन ने उन्हें बोल्ड कर दिया। दूसरी पारी में वह सिर्फ दो गेंद टिक पाए।
यानी बाहर का विवाद और अंदर का फॉर्म—दोनों एक साथ।
पहले ही चेतावनी दे चुके थे रॉब की
इंग्लैंड पुरुष क्रिकेट के मैनेजिंग डायरेक्टर रॉब की पहले ही इस मुद्दे पर सख्त रुख जता चुके हैं।
उन्होंने कहा था:
“अगर यह सामने आता है कि खिलाड़ियों ने अत्यधिक शराब पी, तो इसकी जांच होगी। यह अस्वीकार्य है।”
और आगे:
“किसी अंतरराष्ट्रीय टीम से इस तरह के व्यवहार की उम्मीद नहीं की जा सकती।”
अब वही चेतावनी हकीकत बनती दिख रही है।
एशेज 2025: हार से बड़ा नुकसान
ऑस्ट्रेलिया ने:
- पहले तीन टेस्ट जीते
- 3-0 की अजेय बढ़त
- और एशेज बरकरार रखी
लेकिन इंग्लैंड के लिए यह सीरीज़ सिर्फ हार नहीं, इमेज डैमेज भी बनती जा रही है।
असली सवाल: ब्रेक जरूरी था या गलत वक्त?
यह बहस अब क्रिकेट से आगे निकल चुकी है।
- क्या खिलाड़ियों को ब्रेक चाहिए था?
- हां।
- क्या यह ब्रेक सही समय पर था?
- शायद नहीं।
क्योंकि जब नतीजे आपके खिलाफ हों, तो हर तस्वीर, हर वीडियो—हथियार बन जाता है।
एशेज अब क्रिकेट से बड़ी कहानी बन चुकी है
इंग्लैंड के लिए एशेज 2025 अब सिर्फ मैच जीतने या हारने की कहानी नहीं है।
यह कहानी है:
- दबाव की
- जिम्मेदारी की
- और प्रोफेशनल सीमाओं की
बेन स्टोक्स सपोर्ट दे रहे हैं।
ECB जांच कर रहा है।
डकेट सवालों में हैं।
और ऑस्ट्रेलिया?
वह बस क्रिकेट खेल रहा है—और जीत रहा है।















