IND vs NZ : 300+ रन चेज में विराट कोहली का दबदबा – आंकड़े खुद बोलते हैं

Atul Kumar
Published On:
IND vs NZ

IND vs NZ – रविवार, 11 जनवरी को भारत और न्यूजीलैंड के बीच खेले गए पहले वनडे में भले ही स्कोरकार्ड पर शतक नहीं दिखा, लेकिन मैच की कहानी अगर किसी एक बल्लेबाज़ के इर्द-गिर्द घूमी, तो वह किंग कोहली ही थे।

93 रन—सिर्फ सात रन कम, लेकिन असर पूरा। भारत ने 49 ओवर में ही लक्ष्य हासिल कर लिया और कोहली ने एक बार फिर साबित कर दिया कि बड़े रन चेज उनके लिए आदत बन चुका है।

300+ रन चेज और विराट कोहली का सीधा कनेक्शन

इस जीत के साथ भारत ने वनडे क्रिकेट में एक और बड़ा इतिहास रच दिया।
वनडे क्रिकेट में सबसे ज्यादा बार 300 से अधिक रन चेज करने वाली टीम अब भारत है—20 बार।

लेकिन इस रिकॉर्ड की सबसे दिलचस्प बात यह है कि इन 20 सफल रन चेज में से 12 बार विराट कोहली टीम का हिस्सा रहे हैं।
यानी जब भी भारत को बड़ा लक्ष्य मिला है, अक्सर सामने एक ही चेहरा खड़ा दिखा है।

आंकड़े जो कोहली को “चेस मास्टर” बनाते हैं

300 से ज्यादा रन के सफल चेज में विराट कोहली के आंकड़े सिर्फ अच्छे नहीं—असाधारण हैं।

300+ रन चेज में विराट कोहली का रिकॉर्ड

आंकड़ाविवरण
पारियां12
रन1071
गेंदें871
औसत122.22
स्ट्राइक रेट125.25
शतक7
अर्धशतक2

इतना ऊंचा औसत और स्ट्राइक रेट—वह भी बड़े टारगेट के दबाव में—वनडे क्रिकेट में दुर्लभ है।

वडोदरा में फिर वही कहानी

न्यूजीलैंड के खिलाफ पहले वनडे में भारत को 301 रन का लक्ष्य मिला।
शुरुआत अच्छी थी, लेकिन बीच में विकेट गिरे। ऐसे समय पर रन चेज को संभालने के लिए चाहिए होता है—ठहराव।

कोहली ने:
91 गेंदें खेलीं
8 चौके
1 छक्का
102 की स्ट्राइक रेट

और सबसे अहम—मैच का कंट्रोल अपने हाथ में रखा।

शतक नहीं, लेकिन असर पूरा

कई बार शतक छूट जाता है, लेकिन पारी यादगार बन जाती है।
यह वैसी ही पारी थी।

कोहली जब आउट हुए, तब:
मैच भारत के पक्ष में झुक चुका था
रन रेट कंट्रोल में था
और ड्रेसिंग रूम शांत था

यही “चेस मास्टर” की पहचान है—आखिरी तक टिकना जरूरी नहीं, मैच को वहां तक ले जाना जरूरी है।

कप्तान गिल और मिडिल ऑर्डर का योगदान

इस रन चेज में कोहली अकेले नहीं थे।

  • शुभमन गिल ने कप्तान के रूप में अर्धशतकीय पारी खेली
  • श्रेयस अय्यर 49 रन बनाकर अर्धशतक से चूक गए
  • और आखिर में केएल राहुल ने शानदार फिनिशिंग टच दिया

राहुल अब सिर्फ विकेटकीपर-बल्लेबाज़ नहीं, बल्कि भरोसेमंद फिनिशर के रूप में खुद को स्थापित कर चुके हैं।

न्यूजीलैंड की मजबूत बैटिंग, लेकिन अंत में कमी

न्यूजीलैंड की ओर से:
सलामी बल्लेबाज़ों ने शानदार शुरुआत दी
डैरिल मिचेल ने अंत में आक्रामक बल्लेबाज़ी की

लेकिन 300 रन के बावजूद स्कोर थोड़ा कम पड़ गया।
भारत की गहरी बल्लेबाज़ी और कोहली की पारी ने फर्क पैदा किया।

क्यों 300+ चेज में कोहली अलग हैं?

कोहली का खेल सिर्फ शॉट्स पर आधारित नहीं है।

वह:
मैच की स्थिति पढ़ते हैं
फील्ड सेटिंग को तोड़ते हैं
और जोखिम को सही समय पर चुनते हैं

यही वजह है कि 300+ चेज में उनका औसत 122 से ऊपर है—जो लगभग अविश्वसनीय लगता है।

20 बार 300+ चेज: भारत की पहचान

भारत का 300+ रन चेज रिकॉर्ड सिर्फ बल्लेबाज़ी की ताकत नहीं दिखाता।
यह बताता है:
मेंटल मजबूती
डीप बैटिंग
और सही खिलाड़ियों का सही रोल

और इन सबके बीच कोहली अक्सर केंद्र में रहते हैं।

टॉस के बाद फाइनल टीम चाहिए तो, अभी जॉइन करे Cricketyatri का Telegram चैनल- Join Now




Follow Us On