India – नागपुर की रात गर्म थी, लेकिन उससे कहीं ज़्यादा तपिश भारतीय बल्लेबाज़ी में थी। स्टेडियम में बैठे दर्शकों को शुरुआत में शायद अंदाज़ा नहीं था कि वे एक हाई-स्कोरिंग स्टेटमेंट मैच देखने वाले हैं। लेकिन जैसे-जैसे ओवर बीतते गए, यह साफ होता चला गया—यह मुकाबला सिर्फ जीत का नहीं, टी20 सीरीज़ के मिज़ाज का एलान बनने जा रहा है।
बुधवार को खेले गए पहले टी20 इंटरनेशनल में भारत ने न्यूजीलैंड को 48 रनों से हराकर पांच मैचों की सीरीज़ में 1-0 की बढ़त बना ली। सूर्यकुमार यादव की कप्तानी वाली यह जीत सिर्फ स्कोरकार्ड तक सीमित नहीं थी, इसमें आक्रामक सोच, गहराई और दबाव में नियंत्रण—तीनों की झलक थी।
238 रन: सिर्फ बड़ा स्कोर नहीं, इरादों का बयान
टॉस के बाद पहले बल्लेबाज़ी करते हुए भारत ने 20 ओवर में 7 विकेट पर 238 रन ठोक दिए। यह स्कोर अपने आप में बड़ा था, लेकिन जिस अंदाज़ में बना, उसने न्यूजीलैंड के गेंदबाज़ों को लगातार बैकफुट पर रखा।
हालांकि शुरुआत आदर्श नहीं रही।
सलामी बल्लेबाज़ कुछ आकर्षक शॉट्स खेलने के बाद 7 गेंदों में 10 रन बनाकर आउट हो गए। लंबे समय बाद वापसी कर रहे ईशान किशन ने दो चौके ज़रूर लगाए, लेकिन वह भी 5 गेंदों में 8 रन बनाकर पवेलियन लौट गए।
स्कोरबोर्ड पर शुरुआती झटके थे, लेकिन घबराहट नहीं।
अभिषेक–सूर्यकुमार साझेदारी: पारी की रीढ़
इसके बाद कप्तान सूर्यकुमार यादव ने मोर्चा संभाला और उनके साथ थे—इस सीरीज़ के सबसे बड़े टॉकिंग पॉइंट, अभिषेक शर्मा।
दोनों के बीच तीसरे विकेट के लिए 99 रनों की साझेदारी हुई। यह साझेदारी सिर्फ रन जोड़ने की नहीं थी, बल्कि यह दिखाने की थी कि भारतीय टीम अब शुरुआती विकेट गिरने से रफ्तार नहीं छोड़ती।
सूर्यकुमार यादव ने:
22 गेंद
32 रन
4 चौके
1 छक्का
की तेज़ लेकिन नियंत्रित पारी खेली। 11वें ओवर में मिचेल सैंटनर ने उन्हें आउट किया, लेकिन तब तक प्लेटफॉर्म तैयार हो चुका था।
अभिषेक शर्मा: विस्फोट, रिकॉर्ड और संदेश
सूर्यकुमार के आउट होने के अगले ही ओवर में ईश सोढ़ी ने अभिषेक शर्मा को आउट कर दिया। लेकिन तब तक नुकसान हो चुका था—न्यूजीलैंड के लिए।
अभिषेक शर्मा की पारी:
35 गेंद
84 रन
5 चौके
8 छक्के
यह पारी सिर्फ तेज़ नहीं थी, यह निर्दयी थी। पेस हो या स्पिन, अभिषेक ने क्रीज़ का इस्तेमाल किया, गैप ढूंढे और स्टैंड्स को निशाना बनाया।
इस पारी ने यह साफ कर दिया कि अभिषेक शर्मा अब सिर्फ एक “ऑप्शन” नहीं, बल्कि टी20 सेटअप का पिलर बनने की ओर बढ़ रहे हैं।
डेथ ओवर्स में रिंकू सिंह का रोल
अगर ऊपर की बल्लेबाज़ी ने स्कोर खड़ा किया, तो रिंकू सिंह ने उसे डरावना बना दिया।
20 गेंद
नाबाद 44 रन
4 चौके
3 छक्के
रिंकू ने आखिरी ओवरों में गेंदबाज़ों को सांस लेने का मौका नहीं दिया। उनके साथ अर्शदीप सिंह 6 रन बनाकर नाबाद रहे।
हार्दिक पंड्या ने भी 16 गेंदों में 25 रन जोड़े, जबकि शिवम दुबे (9) और अक्षर पटेल (5) जल्दी आउट हो गए।
न्यूजीलैंड की ओर से:
जेकब डफी – 2 विकेट
काइल जैमिसन – 2 विकेट
क्रिस्टियन क्लार्क, ईश सोढ़ी, मिचेल सैंटनर – 1-1 विकेट
लेकिन रन रोकना किसी के बस में नहीं था।
239 का पीछा: शुरुआत में ही झटके
239 रनों के विशाल लक्ष्य का पीछा करने उतरी न्यूजीलैंड की टीम को दूसरी ही गेंद पर झटका लगा।
तेज़ गेंदबाज़ अर्शदीप सिंह ने सलामी बल्लेबाज़ डेवोन कॉनवे को बिना खाता खोले पवेलियन भेज दिया।
दूसरे ओवर में:
रचिन रविंद्र – 5 गेंद, 1 रन
हार्दिक पंड्या का शिकार
यहां से न्यूजीलैंड लगातार दबाव में खेलती दिखी।
ग्लेन फिलिप्स: अकेली लड़ाई
अगर न्यूजीलैंड की पारी में कोई चमक था, तो वह ग्लेन फिलिप्स थे।
40 गेंद
78 रन
4 चौके
6 छक्के
एक छोर से फिलिप्स लगातार आक्रमण करते रहे। उन्होंने भारतीय गेंदबाज़ों पर दबाव बनाने की कोशिश की, लेकिन दूसरे छोर से उन्हें ज्यादा समर्थन नहीं मिला।
अक्षर पटेल ने फिलिप्स को आउट कर इस पारी का अंत किया—और वहीं से मैच भी लगभग खत्म हो गया।
मार्क चैपमैन ने:
24 गेंद
39 रन















