Bumrah – आईपीएल में पर्पल कैप जीतना गेंदबाज के लिए ultimate recognition माना जाता है—लेकिन हर कहानी ट्रॉफी से नहीं मापी जाती। कुछ गेंदबाज ऐसे भी हैं जिन्होंने साल-दर-साल विकेटों का अंबार लगाया, फिर भी पर्पल कैप उनसे दूर ही रही। और यही लिस्ट IPL की सबसे दिलचस्प “what if” कहानियों में से एक बनाती है।
सबसे ऊपर नाम आता है—सुनील नरेन। एक ऐसा गेंदबाज जिसने बल्लेबाजों की नींद उड़ाई, लेकिन कभी सीजन का “सबसे ज्यादा विकेट” वाला ताज नहीं पहन पाया।
सुनील नरेन और पीयूष चावला—टॉप पर साझा राज
कोलकाता नाइट राइडर्स के स्टार स्पिनर सुनील नरेन और भारत के अनुभवी लेग स्पिनर पीयूष चावला इस लिस्ट में संयुक्त रूप से पहले नंबर पर हैं।
| खिलाड़ी | मैच | विकेट | पर्पल कैप |
|---|---|---|---|
| सुनील नरेन | 189 | 192 | नहीं |
| पीयूष चावला | 192 | 192 | नहीं |
नरेन की खासियत सिर्फ विकेट नहीं रही—उनकी economy, mystery spin और powerplay में control ने उन्हें अलग बनाया। KKR के लिए वो सिर्फ गेंदबाज नहीं, मैच-टोन सेट करने वाले खिलाड़ी रहे हैं।
दूसरी तरफ, पीयूष चावला quietly consistent रहे। चार फ्रेंचाइजियों के लिए खेलते हुए उन्होंने हर सीजन में अपना रोल निभाया—बिना ज्यादा hype के, लेकिन solid numbers के साथ।
अश्विन—रणनीति के मास्टर, पर्पल कैप से दूर
रविचंद्रन अश्विन का नाम इस लिस्ट में तीसरे नंबर पर आता है—और यह थोड़ा surprising भी लगता है।
| खिलाड़ी | मैच | विकेट |
|---|---|---|
| आर अश्विन | 221 | 187 |
अश्विन ने सिर्फ विकेट नहीं लिए—उन्होंने बल्लेबाजों को “सोचने” पर मजबूर किया। carrom ball, angles, variations… वो एक thinking bowler रहे।
2025 में उन्होंने IPL से रिटायरमेंट ले लिया, लेकिन पर्पल कैप उनके करियर में कभी नहीं आई। शायद इसलिए क्योंकि उनका रोल हमेशा attacking से ज्यादा tactical रहा।
जसप्रीत बुमराह—डेथ ओवर किंग, फिर भी बिना पर्पल कैप
अब आते हैं इस लिस्ट के सबसे “unexpected” नाम पर—जसप्रीत बुमराह।
| खिलाड़ी | मैच | विकेट |
|---|---|---|
| जसप्रीत बुमराह | 145 | 183 |
बुमराह का केस थोड़ा अलग है। वो विकेट लेते हैं—but crucial moments में।
- death overs में
- high-pressure situations में
- best batters के खिलाफ
यानी उनका impact numbers से कहीं बड़ा है।
मुंबई इंडियंस के लिए खेलते हुए उन्होंने कई मैच single-handedly पलटे, लेकिन कभी पूरे सीजन में highest wicket-taker नहीं बन पाए।
IPL 2026 में वो एक बार फिर इस “खाली जगह” को भरने की कोशिश करेंगे।
अमित मिश्रा—अनदेखा लेजेंड
अगर IPL के underrated bowlers की बात हो और अमित मिश्रा का नाम न आए—तो कहानी अधूरी है।
| खिलाड़ी | मैच | विकेट |
|---|---|---|
| अमित मिश्रा | 162 | 174 |
तीन अलग-अलग टीमों के लिए खेलते हुए उन्होंने लगातार performance दिया।
दिल्ली और हैदराबाद के दिनों में तो वो match-winner थे। लेकिन शायद spotlight हमेशा दूसरों पर ज्यादा रही।
2024 में उन्होंने अपना आखिरी IPL मैच खेला—और quietly इस elite list का हिस्सा बन गए।
रवींद्र जडेजा—ऑलराउंडर का अलग रोल
जडेजा का नाम इस लिस्ट में होना यह दिखाता है कि consistency सिर्फ specialist bowlers की चीज नहीं है।
| खिलाड़ी | मैच | विकेट |
|---|---|---|
| रवींद्र जडेजा | 254 | 170 |
CSK के लिए लंबे समय तक खेलते हुए उन्होंने middle overs में control दिया, run flow रोका, और जरूरत पड़ने पर विकेट भी निकाले।
लेकिन उनका primary role हमेशा balance बनाए रखना रहा—इसलिए पर्पल कैप की दौड़ में वो कभी पूरी तरह नहीं आए।
राशिद खान—मिस्ट्री अभी भी जारी
सातवें नंबर पर आते हैं राशिद खान—और यह नाम future में ऊपर भी जा सकता है।
| खिलाड़ी | मैच | विकेट |
|---|---|---|
| राशिद खान | 136 | 158 |
GT के लिए खेलते हुए राशिद लगातार impact डालते हैं। उनकी economy और strike rate दोनों elite हैं।
लेकिन एक पैटर्न यहां भी दिखता है—
वो runs रोकते ज्यादा हैं, wickets “burst में” लेते हैं।
और यही वजह है कि season-long tally में वो अक्सर थोड़ा पीछे रह जाते हैं।
पर्पल कैप—सिर्फ नंबर गेम नहीं
अब एक दिलचस्प सवाल—ये सभी दिग्गज पर्पल कैप क्यों नहीं जीत पाए?
कारण काफी practical हैं:
- कुछ गेंदबाज powerplay या death में specific role निभाते हैं
- कुछ economy पर focus करते हैं, wickets पर नहीं
- कुछ seasons में injury या rotation का असर पड़ता है
अगर आप IPL के official stats और records देखना चाहें, तो detailed data पर उपलब्ध है।
और यहीं कहानी twist लेती है—
क्योंकि “best bowler” हमेशा “most wickets” वाला नहीं होता।
Fact Check: क्या ये सभी खिलाड़ी कभी पर्पल कैप नहीं जीते?
उपलब्ध रिकॉर्ड्स के अनुसार:
- सुनील नरेन, चावला, अश्विन, बुमराह, जडेजा, राशिद—इनमें से किसी ने पर्पल कैप नहीं जीती
- ये सभी high-wicket takers हैं, लेकिन किसी एक सीजन में नंबर-1 नहीं रहे
(डेटा IPL के आधिकारिक रिकॉर्ड्स और historical stats पर आधारित है)















