Suryavanshi – भारतीय क्रिकेट के उभरते हुए सितारे वैभव सूर्यवंशी लगातार दिग्गजों की तारीफ बटोर रहे हैं। राजस्थान रॉयल्स के मुख्य कोच कुमार संगाकारा ने 15 वर्षीय युवा बल्लेबाज की मानसिकता, आत्मविश्वास और खेल को लेकर बड़ी टिप्पणी की है।
उन्होंने कहा कि वैभव प्रसिद्धि और चकाचौंध से प्रभावित नहीं होते और भविष्य में भारतीय तथा विश्व क्रिकेट में बड़ा नाम बन सकते हैं।
संगाकारा का मानना है कि वैभव के पास केवल प्रतिभा ही नहीं, बल्कि मानसिक मजबूती भी है, जो उन्हें अन्य युवा खिलाड़ियों से अलग बनाती है।
‘प्रसिद्धि और चकाचौंध से नहीं पड़ता असर’
स्काई स्पोर्ट्स से बातचीत के दौरान कुमार संगाकारा ने कहा कि वैभव सूर्यवंशी लोकप्रियता और शोहरत से प्रभावित होने वाले खिलाड़ी नहीं हैं।
उन्होंने कहा,
“उसे आने वाले समय में क्रिकेट और व्यावसायिक स्तर पर कई अवसर मिलेंगे। इन सबके बीच संतुलन बनाना और उसे मिलने वाला समर्थन बेहद महत्वपूर्ण होगा। लेकिन एक बात तय है कि उसे बल्लेबाजी करना बेहद पसंद है और प्रसिद्धि का उस पर ज्यादा असर नहीं पड़ता।”
जमीन से जुड़े हुए हैं वैभव
संगाकारा ने बताया कि वैभव का स्वभाव काफी सरल और जिज्ञासु है।
उन्होंने कहा कि युवा बल्लेबाज केवल क्रिकेट तक सीमित नहीं रहता, बल्कि जीवन के अन्य पहलुओं में भी रुचि रखता है।
संगाकारा ने कही बड़ी बात
- वैभव जमीन से जुड़े हुए खिलाड़ी हैं।
- वह लगातार सीखने की कोशिश करते हैं।
- लोकप्रियता को संभालने की क्षमता रखते हैं।
- मानसिक रूप से काफी मजबूत हैं।
विश्व क्रिकेट में बड़ा नाम बनने की क्षमता
श्रीलंका के पूर्व कप्तान का मानना है कि वैभव आने वाले वर्षों में भारतीय क्रिकेट ही नहीं बल्कि विश्व क्रिकेट और फ्रेंचाइजी क्रिकेट में भी बड़ा प्रभाव छोड़ सकते हैं।
उन्होंने कहा,
“मुझे पूरा विश्वास है कि वह भारतीय क्रिकेट, विश्व क्रिकेट और फ्रेंचाइजी क्रिकेट में बड़ा प्रभाव छोड़ेगा।”
13 छक्कों की भविष्यवाणी का किस्सा
संगाकारा ने आईपीएल के एक मुकाबले का दिलचस्प किस्सा भी साझा किया।
उन्होंने बताया कि लखनऊ सुपर जायंट्स के खिलाफ एक बड़े लक्ष्य का पीछा करने से पहले वैभव ने उनसे कहा था,
“कोच, चिंता मत कीजिए, यह मैच हम जीत रहे हैं।”
इसके बाद उन्होंने ड्रेसिंग रूम में अपने साथियों डोनोवन फरेरा और लुआन-ड्रे प्रीटोरियस से कहा कि वह मैच में 13 छक्के लगाएंगे।
10 छक्के लगाकर सबको कर दिया हैरान
हालांकि वैभव 13 छक्के नहीं लगा सके, लेकिन उन्होंने उस मुकाबले में 10 छक्के जड़ दिए।
संगाकारा के मुताबिक, शुरुआत में साथी खिलाड़ियों को लगा कि वह मजाक कर रहे हैं, लेकिन जैसे-जैसे छक्कों की संख्या बढ़ती गई, सभी उनकी भविष्यवाणी गिनने लगे।
उन्होंने कहा कि 15 साल की उम्र में इतना आत्मविश्वास दिखाना बेहद खास बात है।
दिनेश कार्तिक ने भी की जमकर तारीफ
रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के बल्लेबाजी कोच और मेंटर दिनेश कार्तिक ने भी वैभव सूर्यवंशी की बल्लेबाजी की तारीफ की।
उन्होंने कहा कि इस आईपीएल में वैभव सबसे मुश्किल बल्लेबाजों में से एक थे।
भुवनेश्वर और हेजलवुड भी नहीं रोक पाए
कार्तिक ने बताया कि उनकी टीम ने वैभव को रोकने के लिए यॉर्कर और बाउंसर की रणनीति बनाई थी।
उन्होंने कहा,
“हमने सोचा था कि यॉर्कर और बाउंसर से उन्हें रोका जा सकता है, लेकिन गुवाहाटी में कुछ भी काम नहीं आया।”
‘आईपीएल का सबसे मुश्किल बल्लेबाज’
दिनेश कार्तिक के अनुसार,
- वैभव का बेस काफी मजबूत है।
- ऑफ साइड पर उनके शॉट बेहद तेज हैं।
- पावरप्ले में वह फील्डिंग प्रतिबंधों का शानदार फायदा उठाते हैं।
- तेज गेंदबाजों के खिलाफ भी बेखौफ बल्लेबाजी करते हैं।
कार्तिक ने यहां तक कहा कि उनके लिए वैभव इस आईपीएल के सबसे कठिन बल्लेबाज थे।
वैभव की सबसे बड़ी ताकत
1. निडर बल्लेबाजी
कम उम्र में बड़े गेंदबाजों के खिलाफ खुलकर खेलना।
2. आत्मविश्वास
मैच से पहले बड़े दावे करने और उन्हें मैदान पर साबित करने की क्षमता।
3. मानसिक मजबूती
लोकप्रियता और दबाव को अच्छी तरह संभालना।
4. आक्रामक खेल शैली
पावरप्ले में तेजी से रन बनाने की क्षमता।















