Omarzai – अरुण जेटली स्टेडियम की गर्म शाम में जब यूएई ने 160 रन बोर्ड पर लगाए, तो लगा मैच बराबरी का है। लेकिन टी20 क्रिकेट में कभी-कभी एक खिलाड़ी पूरी कहानी लिख देता है। सोमवार रात दिल्ली में वह नाम था—अज़मतुल्लाह उमरजई। गेंद से वार, बल्ले से प्रहार, और अफगानिस्तान की सुपर-8 उम्मीदें जिंदा।
अफगानिस्तान ने यूएई को 5 विकेट से हराकर टूर्नामेंट में अपनी स्थिति मजबूत कर ली है। लेकिन यह सिर्फ एक जीत नहीं थी—यह एक ऑलराउंडर का स्टेटमेंट था।
पहले गेंद से वार: 4 ओवर, 4 विकेट, सिर्फ 15 रन
यूएई की पारी ठीक-ठाक लय में दिख रही थी। 160 का स्कोर टी20 में चुनौतीपूर्ण माना जाता है, खासकर विश्व कप जैसे मंच पर। लेकिन उमरजई ने अपने चार ओवरों में मैच का रुख बदल दिया।
4 ओवर, 15 रन, 4 विकेट। इकॉनमी 3.75। यह सिर्फ आंकड़ा नहीं, दबाव की कहानी है।
उन्होंने मिडिल ओवर्स में विकेट लेकर यूएई की रनगति तोड़ी। सेट बल्लेबाजों को आउट कर दिया और निचले क्रम को खुलकर खेलने का मौका नहीं दिया। यूएई 160 पर सिमट गई—और बाद में यही 10–15 रन की कमी उनके कप्तान ने भी स्वीकार की।
यूएई की पारी का सार:
| कुल स्कोर | ओवर | प्रमुख प्रदर्शन |
|---|---|---|
| 160 ऑल आउट | 20 | उमरजई 4/15 |
फिर बल्ले से कमाल: 21 गेंदों में 40*
160 का पीछा करते हुए अफगानिस्तान ने शुरुआत संभली हुई की, लेकिन मिडिल ओवर्स में कुछ विकेट गिरने से दबाव बन गया। तभी उमरजई क्रीज पर आए।
उन्होंने 21 गेंदों में नाबाद 40 रन ठोके—3 छक्के, 2 चौके। स्ट्राइक रेट लगभग 190। 19वें ओवर में चौके-छक्के की मदद से 13 रन बटोरकर मैच लगभग खत्म कर दिया। और आखिरी ओवर की दूसरी गेंद पर चौका लगाकर जीत सुनिश्चित कर दी। चार गेंद बाकी थीं।
उमरजई की पारी:
| रन | गेंद | चौके | छक्के |
|---|---|---|---|
| 40* | 21 | 2 | 3 |
यह वही क्षण था जब ड्रेसिंग रूम से खड़े होकर तालियां बजती दिखीं। खिलाड़ी जानते थे—मैच किसने पलटा।
यूएई कप्तान की साफगोई
मैच के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में यूएई कप्तान मुहम्मद वसीम से पूछा गया कि क्या उमरजई ने मैच छीन लिया? उनका जवाब दिलचस्प था।
उन्होंने कहा, “ईमानदारी से बताऊं तो वह एक बहुत अच्छे खिलाड़ी हैं, बेहतरीन ऑलराउंडर। मैंने पहले भी कहा था कि इस विश्व कप में बतौर ऑलराउंडर अगर किसी को देखना है तो वह उमरजई हैं। लेकिन मुझे नहीं लगता कि सिर्फ उनकी पारी से हम हारे। हम 10–15 रन या दो-तीन बाउंड्री शॉर्ट रह गए।”
यह बयान हार की स्वीकारोक्ति भी था और सम्मान भी।
सुपर-8 की राह खुली
इस जीत के साथ अफगानिस्तान की सुपर-8 में पहुंचने की संभावनाएं बरकरार हैं। अंक तालिका में यह जीत बेहद अहम है। टूर्नामेंट के इस चरण में नेट रन रेट और छोटी-छोटी जीत-हार भी निर्णायक साबित हो सकती है।
अफगानिस्तान का संतुलन
अफगान टीम की खासियत यही है—स्पिन अटैक के साथ अब उनके पास ऐसे ऑलराउंडर भी हैं जो मैच खत्म कर सकते हैं। पहले यह टीम सिर्फ गेंदबाजी के दम पर जानी जाती थी, लेकिन अब बल्लेबाजी में भी गहराई दिख रही है।
उमरजई जैसे खिलाड़ी टीम को लचीलापन देते हैं। चार ओवर डाल सकते हैं, डेथ में बल्लेबाजी कर सकते हैं। ऐसे खिलाड़ी टी20 में सोना होते हैं।
यूएई की सीख
यूएई के लिए यह हार निराशाजनक जरूर है, लेकिन प्रदर्शन साहसिक था। अगर वे 10–15 रन और जोड़ लेते या डेथ ओवर में एक-दो बाउंड्री रोक लेते, तो कहानी अलग हो सकती थी।
टी20 क्रिकेट में फर्क अक्सर इतना ही होता है—एक ओवर, दो शॉट, तीन गेंदें।















