World Cup – फरवरी 2026 अब दूर की तारीख नहीं रह गई है। जैसे-जैसे टी20 विश्व कप 2026 नज़दीक आ रहा है, वैसे-वैसे इस फॉर्मेट के पुराने रिकॉर्ड्स फिर से चर्चा में हैं। सबसे खास नाम—विराट कोहली।
भले ही कोहली 2024 में टी20 इंटरनेशनल से संन्यास ले चुके हों, लेकिन विश्व कप के इतिहास में उनका एक रिकॉर्ड ऐसा है, जो आज भी अडिग खड़ा है।
और दिलचस्प बात यह है कि 2026 में जसप्रीत बुमराह और सैम करन—दोनों के पास उस रिकॉर्ड की बराबरी करने का सुनहरा मौका होगा।
विराट कोहली: टी20 वर्ल्ड कप का बेमिसाल बादशाह
टी20 विश्व कप की बात होते ही अगर किसी एक खिलाड़ी का नाम सबसे ऊपर आता है, तो वह विराट कोहली हैं। इस टूर्नामेंट के इतिहास में वह इकलौते खिलाड़ी हैं, जिन्होंने दो बार प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट का खिताब जीता है।
यह कोई साधारण उपलब्धि नहीं। 9 संस्करणों में कई दिग्गज आए, चमके और चले गए—लेकिन यह कारनामा कोई दोहरा नहीं पाया।
2014: रन, रन और सिर्फ रन
टी20 विश्व कप 2014 कोहली के करियर के सबसे यादगार अध्यायों में से एक रहा।
- कुल रन: 319
- विपक्षी गेंदबाज़: बेबस
- भारतीय टीम: फाइनल तक का सफर
हालांकि भारत फाइनल में खिताब नहीं जीत सका, लेकिन कोहली का प्रदर्शन इतना दमदार था कि उन्हें सर्वसम्मति से प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट चुना गया। उस समय यह एहसास हुआ कि टी20 में “चेज़ मास्टर” का मतलब क्या होता है।
2016: घर में बादशाहत, फिर वही ताज
दो साल बाद, 2016 टी20 विश्व कप, भारत में। दबाव दोगुना था, उम्मीदें उससे भी ज्यादा।
लेकिन कोहली ने फिर वही किया, जो बड़े खिलाड़ी करते हैं।
- रन: 273
- टीम इंडिया: सेमीफाइनल तक
- अवॉर्ड: लगातार दूसरी बार प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट
यहीं कोहली ने इतिहास रच दिया। बैक-टू-बैक मैन ऑफ द टूर्नामेंट—और वो भी टी20 वर्ल्ड कप जैसे मंच पर।
अब तक कोई नहीं तोड़ पाया यह रिकॉर्ड
अब तक खेले गए 9 टी20 विश्व कप में:
- कुल 8 खिलाड़ियों को प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट मिला
- विराट कोहली—2 बार
- बाकी सभी—सिर्फ 1-1 बार
इन 8 खिलाड़ियों में से 6 खिलाड़ी या तो टी20 क्रिकेट से या फिर पूरी तरह क्रिकेट से रिटायर हो चुके हैं।
2026 में कौन दे सकता है विराट को चुनौती?
यहां से कहानी 2026 की ओर मुड़ती है।
फिलहाल सिर्फ दो खिलाड़ी ऐसे हैं, जो:
- एक्टिव हैं
- पहले ही एक बार प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट रह चुके हैं
- 2026 टी20 विश्व कप खेलेंगे
1. जसप्रीत बुमराह (भारत)
- 2024 टी20 विश्व कप
- विकेट: 15
- प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट
अगर बुमराह 2026 में फिर यह खिताब जीतते हैं, तो वह कोहली की तरह बैक-टू-बैक प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट बनने वाले पहले गेंदबाज़ बन जाएंगे।
2. सैम करन (इंग्लैंड)
- 2022 टी20 विश्व कप
- विकेट: 13
- लोअर ऑर्डर में उपयोगी रन
सैम करन पहले ही दिखा चुके हैं कि बड़े टूर्नामेंट में कैसे असर डालते हैं। 2026 में वह विराट के रिकॉर्ड की बराबरी करने वाले दूसरे खिलाड़ी बन सकते हैं।
टी20 वर्ल्ड कप: प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट की पूरी सूची
| वर्ष | खिलाड़ी | देश | प्रदर्शन |
|---|---|---|---|
| 2007 | शाहिद अफरीदी | पाकिस्तान | 91 रन, 12 विकेट |
| 2009 | तिलकरत्ने दिलशान | श्रीलंका | 317 रन |
| 2010 | केविन पीटरसन | इंग्लैंड | 248 रन |
| 2012 | शेन वॉटसन | ऑस्ट्रेलिया | 249 रन, 11 विकेट |
| 2014 | विराट कोहली | भारत | 319 रन |
| 2016 | विराट कोहली | भारत | 273 रन |
| 2021 | डेविड वॉर्नर | ऑस्ट्रेलिया | 289 रन |
| 2022 | सैम करन | इंग्लैंड | 13 विकेट, 12 रन |
| 2024 | जसप्रीत बुमराह | भारत | 15 विकेट |
| 2026 | ? | ? | ? |
क्यों खास है विराट का यह रिकॉर्ड?
टी20 क्रिकेट में हर मैच छोटा होता है।
हर टूर्नामेंट में नए हीरो निकलते हैं।
लेकिन दो अलग-अलग वर्ल्ड कप में सबसे सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी बनना—यह निरंतरता का प्रतीक है।
कोहली ने यह रिकॉर्ड तब बनाया, जब:
- 2014 में भारत खिताब हार गया
- 2016 में ट्रॉफी फिर नहीं आई
फिर भी व्यक्तिगत प्रदर्शन इतना बड़ा था कि अवॉर्ड उनसे छीना नहीं जा सका।
रिकॉर्ड टूट सकता है, लेकिन आसान नहीं
2026 में जसप्रीत बुमराह और सैम करन—दोनों के पास मौका है।
हालात, फॉर्म और फिटनेस—सब साथ दें, तो इतिहास बराबर हो सकता है।
लेकिन जब भी टी20 विश्व कप के सबसे बड़े व्यक्तिगत रिकॉर्ड की बात होगी,
विराट कोहली का नाम सबसे पहले लिया जाएगा।
अब देखना यह है—
क्या 2026 में कोई उनके बराबर खड़ा हो पाएगा?
या फिर यह रिकॉर्ड और लंबा चलेगा?



















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