Reddy – भारतीय टीम के युवा ऑलराउंडर नीतीश कुमार रेड्डी को हाल के दिनों में अपनी गेंदबाजी में किए गए बदलावों का शानदार फायदा मिल रहा है। अफगानिस्तान के खिलाफ धर्मशाला में खेले गए पहले वनडे मुकाबले में उन्होंने प्रभावशाली प्रदर्शन किया, लेकिन इसके बावजूद उनका मानना है कि उन्हें अभी गेंदबाजी में काफी सुधार करना बाकी है।
रेड्डी ने बारिश से प्रभावित इस मुकाबले में चार ओवर में 31 रन देकर दो महत्वपूर्ण विकेट हासिल किए और अपनी यॉर्कर गेंदबाजी से सभी का ध्यान खींचा।
अफगानिस्तान के खिलाफ किया शानदार प्रदर्शन
धर्मशाला में खेले गए पहले वनडे मुकाबले को बारिश के कारण 25-25 ओवर का कर दिया गया था।
इस मैच में नीतीश कुमार रेड्डी ने शानदार गेंदबाजी करते हुए चार ओवर में 31 रन देकर दो विकेट लिए। उन्होंने अफगानिस्तान के विस्फोटक बल्लेबाज रहमानुल्लाह गुरबाज को बेहतरीन यॉर्कर पर बोल्ड कर अपनी काबिलियत का परिचय दिया।
इंग्लैंड में कोच के साथ किया खास काम
आईपीएल 2026 से पहले नीतीश कुमार रेड्डी ने इंग्लैंड के कोच स्टीफन जोन्स के साथ अपनी गेंदबाजी और रनअप पर विशेष काम किया था।
इस मेहनत का असर अब उनके प्रदर्शन में साफ दिखाई दे रहा है। उनकी गेंदबाजी में गति, नियंत्रण और सटीकता पहले से बेहतर नजर आ रही है।
हार्दिक पांड्या के विकल्प के तौर पर हो रही तैयारी
भारतीय टीम के स्टार ऑलराउंडर हार्दिक पांड्या अक्सर चोटों से जूझते रहे हैं। ऐसे में टीम प्रबंधन 2027 वनडे विश्व कप को ध्यान में रखते हुए भविष्य के विकल्प तैयार कर रहा है।
नीतीश कुमार रेड्डी को ऐसे खिलाड़ियों में देखा जा रहा है, जो बल्लेबाजी के साथ-साथ गेंदबाजी में भी टीम को संतुलन दे सकते हैं।
यॉर्कर को बना रहे हैं बड़ा हथियार
रहमानुल्लाह गुरबाज को शानदार यॉर्कर पर आउट करने के बाद रेड्डी ने बताया कि वह इस गेंद का इस्तेमाल आक्रामक और रक्षात्मक दोनों परिस्थितियों में करना पसंद करते हैं।
उन्होंने कहा,
“मुझे इस तरह की परिस्थितियों की उम्मीद थी। वनडे में नहीं, लेकिन आईपीएल और टी20 क्रिकेट में मुझे पता था कि कभी भी चार ओवर गेंदबाजी करनी पड़ सकती है, इसलिए मैं खुद को लगातार तैयार कर रहा था।”
‘कप्तान गेंद दे तो मेरे पास योजना होनी चाहिए’
रेड्डी का मानना है कि एक ऑलराउंडर को हर समय तैयार रहना चाहिए।
उन्होंने कहा,
“जब कप्तान मुझे गेंद सौंपता है तो मुझे बिना योजना के नहीं जाना चाहिए। अगर मैच में नियमित गेंदबाजी नहीं भी मिलती है, तो कम से कम अभ्यास में खुद को पूरी तरह तैयार रखना जरूरी है।”
रनअप और गेंदबाजी एक्शन में किया बदलाव
नीतीश कुमार रेड्डी ने बताया कि उन्होंने अपनी गेंदबाजी तकनीक पर काफी मेहनत की है।
उन्होंने कहा,
“मुझे समझ आ गया है कि मैं फ्रंट ऑन गेंदबाज हूं और मैं अपनी लेंथ पर काम कर रहा हूं। मैं रनअप में और तेजी लाना चाहता था, इसलिए मेरे गेंदबाजी एक्शन में थोड़ा बदलाव आया है। अब चीजें बेहतर हो रही हैं।”
‘अभी और सुधार की जरूरत है’
शानदार प्रदर्शन के बावजूद रेड्डी खुद को पूरी तरह संतुष्ट नहीं मानते।
उन्होंने कहा,
“मुझे अभी भी काफी सुधार करने की जरूरत है और उम्मीद है कि आने वाले दिनों में मैं अपनी गेंदबाजी को और बेहतर बना पाऊंगा।”
टीम इंडिया के लिए बढ़ा सकारात्मक विकल्प
नीतीश कुमार रेड्डी की बल्लेबाजी पर पहले से ही भरोसा जताया जाता रहा है। अब अगर वह गेंदबाजी में भी लगातार अच्छा प्रदर्शन करते हैं, तो भारतीय टीम को एक बेहतरीन तेज गेंदबाजी ऑलराउंडर मिल सकता है।
2027 वनडे विश्व कप की तैयारियों के लिहाज से भी उनका प्रदर्शन टीम प्रबंधन के लिए अच्छी खबर है।















